वंदे मातरम् के रंग में रंगा गढ़वाल विश्वविद्यालय, पोस्टरों में झलका राष्ट्रप्रेम
पौड़ी गढ़वाल, 06 अगस्त (हि.स.)। हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय में शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देशानुसार 'वंदे मातरम् : राष्ट्रीय गीत के 150 वर्ष का स्मरणोत्सव' के तहत गुरुवार को पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।
प्रतियोगिता में बीए, बीएससी, इंजीनियरिंग सहित विभिन्न विभागों के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपने पोस्टरों के माध्यम से राष्ट्रभक्ति, भारतीय संस्कृति और 'वंदे मातरम्' की ऐतिहासिक व सांस्कृतिक विरासत को सशक्त ढंग से प्रस्तुत किया।
अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. ओ.पी. गुसाईं ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि 'वंदे मातरम्' केवल राष्ट्रीय गीत नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक चेतना, स्वतंत्रता संग्राम की प्रेरणा और राष्ट्रीय एकता का अमर प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि इस तरह की प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम, सृजनात्मकता और सांस्कृतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रभावी माध्यम हैं। वंदे मातरम् समिति के समन्वयक डॉ. विश्वेश वाग्मी ने बताया कि कुलपति प्रो. श्रीप्रकाश सिंह के संरक्षण में विश्वविद्यालय में 'वंदे मातरम् : राष्ट्रीय गीत के 150 वर्ष का स्मरणोत्सव' भव्य रूप से मनाया जा रहा है। इसके तहत 15 अगस्त तक निबंध, भाषण, पोस्टर सहित विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा।
उन्होंने विद्यार्थियों से अधिकाधिक संख्या में सहभागिता करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में समिति के सदस्य डॉ. नरेश कुमार, डॉ. नेहा मर्तोलिया, डॉ. कपिल पंवार, डॉ. नीतीश बौंठियाल, डॉ. प्रीति सहित शिक्षक, शोधार्थी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / कर्ण सिंह