मानसून से पहले हरिद्वार प्रशासन अलर्ट, नालों की सफाई और आपदा तैयारियों के निर्देश

 


हरिद्वार, 22 मई (हि.स.)। आगामी मानसून और संभावित आपदाओं को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में जिला आपदा प्रबंधन सभागार में शुक्रवार काे आयोजित बैठक में सभी विभागों को मानसून से पहले जरूरी तैयारियां समयबद्ध तरीके से पूरी करने के निर्देश दिए गए।

बैठक में जिलाधिकारी ने नगर निगम, जिला पंचायत, पंचायतीराज विभाग, नगर पालिका, नगर पंचायत, लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग और पीएमजीएसवाई अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों के नालों, नालियों और कलमाठों की मानसून से पूर्व अनिवार्य सफाई सुनिश्चित करने को कहा, ताकि जलभराव की स्थिति उत्पन्न न हो। आपदा प्रबंधन को लेकर तहसील और ब्लॉक स्तर के अधिकारियों को सभी उपकरण सुचारू हालत में रखने, राहत केंद्रों को पहले से तैयार करने और कंट्रोल रूम को सक्रिय रखने के निर्देश दिए गए।

सिंचाई विभाग को जलभराव और भूमि कटान संभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर तटबंधों की मरम्मत प्राथमिकता पर करने को कहा गया। वहीं, जल संस्थान और पेयजल निगम को बढ़ती गर्मी के बीच पेयजल आपूर्ति सुचारू रखने और लीकेज की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पेयजल संबंधी शिकायतों के लिए जल संस्थान का टोल फ्री नंबर 18001804100 जारी किया गया है। विद्युत विभाग को अनावश्यक बिजली कटौती से बचने तथा स्वास्थ्य विभाग को मानसून के दौरान स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत रखने और डेंगू रोकथाम के प्रभावी इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा, पशु चिकित्सा विभाग को पशुओं के लिए चारे की पर्याप्त व्यवस्था करने तथा जिला पूर्ति अधिकारी को जलभराव संभावित क्षेत्रों में राशन दुकानों की वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया। आगामी मानसून और कांवड़ मेले को देखते हुए एनडीआरएफ व एसडीआरएफ और पुलिस विभाग को संयुक्त रूप से विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए गए।

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हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला