गांधी-शास्त्री जयंती पर कलेक्ट्रेट में श्रद्धांजलि, गांवों में चला डिजिटल सेवा अभियान

 


गोपेश्वर. 02 अक्टूबर (हि.स.)। महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर शुक्रवार को चमोली में कार्यक्रमों की धूम रही। कलेक्ट्रेट परिसर में दोनों महापुरुषों को श्रद्धांजलि दी गई, वहीं जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों में रिफॉर्म उत्सव एवं जन योजना अभियान के तहत ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं और डिजिटल सेवाओं की जानकारी दी गई।

कलेक्ट्रेट में अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश ने महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री के चित्रों पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी। अधिकारियों-कर्मचारियों, विद्यालयी छात्र-छात्राओं और अन्य लोगों ने भी पुष्प अर्पित किए। राजकीय बालिका इंटर कॉलेज गोपेश्वर की छात्राओं और अधिकारी-कर्मचारियों ने गांधीजी के प्रिय भजनों का गायन किया।

अपर जिलाधिकारी ने कहा कि गांधी और शास्त्री का जीवन सत्य, अहिंसा, सादगी, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा की प्रेरणा देता है। उन्होंने लोगों से स्वच्छता को जीवन का हिस्सा बनाने और अपने आसपास साफ-सफाई रखने की अपील की। साथ ही सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल छोड़कर पर्यावरण अनुकूल विकल्प अपनाने का आह्वान किया।

इस अवसर पर उप कोषाधिकारी सुरेन्द्र वर्मा, सहायक अभियंता अभिषेक सिंह, एएलआरओ राकेश पल्लव समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, विद्यालयी छात्र-छात्राएं मौजूद रही।

उधर, भारत सरकार के सबकी योजना, सबका विकास अभियान के तहत जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों में रिफॉर्म उत्सव एवं जन योजना अभियान चलाया गया। अभियान में ग्रामीणों को डिजिटल भू-अभिलेख और राजस्व विभाग की ऑनलाइन सेवाओं की जानकारी दी गई। ग्रामीणों को बताया गया कि ई-भूलेख पोर्टल से खतौनी की प्रमाणित प्रति घर बैठे प्राप्त की जा सकती है। ऑनलाइन विरासत दर्ज कराने, भू-नक्शा, भू-कय, भू-उपयोग परिवर्तन और ई-एग्रीलोन जैसी सुविधाओं की जानकारी भी दी गई।

जिला पंचायत राज अधिकारी रमेश चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि नारायणबगड़ की नलगांव, कर्णप्रयाग की सिमली व खाल-बजेठा, पोखरी की सेमी व म्यौली, देवाल की ब्लाण और नंदानगर की सैंती समेत विभिन्न ग्राम पंचायतों में कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनमें सरकारी योजनाओं और डिजिटल सेवाओं से संबंधित लघु फिल्मों का प्रदर्शन भी किया गया।

ग्रामीणों को बताया गया कि ऑनलाइन सेवाओं के इस्तेमाल से कई कार्य घर बैठे किए जा सकते हैं, जिससे सरकारी कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर कम होंगे। अभियान के जरिए ग्रामीणों को डिजिटल सुविधाओं से जोड़ने और सरकारी सेवाओं का लाभ अधिक सुगम एवं पारदर्शी बनाने पर जोर दिया गया।

हिन्दुस्थान समाचार / जगदीश पोखरियाल