कुमाऊं विश्वविद्यालय और ईडीआईआई ने उद्यमिता व नवाचार को बढ़ावा देने पर किया मंथन

 


नैनीताल, 06 जून (हि.स.)। कुमाऊं विश्वविद्यालय और ईडीआईआई यानी उद्यमिता विकास संस्थान अहमदाबाद के बीच उत्तराखंड में उद्यमिता एवं नवाचार संस्कृति को सशक्त बनाने के उद्देश्य से शनिवार को बैठक आयोजित हुई। कुमाऊं विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. दीवान रावत तथा ईडीआईआई के महानिदेशक डॉ. सुनील शुक्ला के बीच हुई बैठक में विद्यार्थियों को स्वरोजगार, स्टार्टअप गतिविधियों और स्थानीय संसाधनों पर आधारित उद्यमों से जोड़ने के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की गयी।

बैठक में विश्वविद्यालय के सभी परिसरों में उद्यमिता और नवाचार को बढ़ावा देने, स्थानीय उत्पादों, पारंपरिक ज्ञान, कृषि एवं खाद्य संसाधनों पर आधारित उद्यमों को प्रोत्साहित करने तथा स्थानीय खाद्य उत्पादों के लिए एफएसएसएआई प्रमाणन प्रक्रिया को सुगम बनाने पर सहमति बनी। कुलपति प्रो. (कर्नल) दीवान एस रावत ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप विश्वविद्यालय युवाओं को केवल रोजगार तलाशने वाला नहीं, बल्कि रोजगार सृजित करने वाला बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।

डॉ. सुनील शुक्ला ने विश्वविद्यालय के प्रयासों की सराहना करते हुए प्रशिक्षण, मार्गदर्शन, उद्योग संपर्क तथा उद्यम स्थापना में सहयोग का आश्वासन दिया। बैठक में देवभूमि उद्यमिता योजना की प्रगति की भी समीक्षा की गयी व विद्यार्थियों को उद्योग जगत से जोड़ने, स्टार्टअप को बाजार उपलब्ध कराने और शिक्षा के साथ उद्यमिता को प्रभावी रूप से जोड़ने के लिए संयुक्त प्रयासों को और सुदृढ़ करने पर बल दिया गया। दोनों संस्थानों ने विश्वास व्यक्त किया कि यह सहयोग उत्तराखंड में नवाचार आधारित मजबूत उद्यमिता पारितंत्र के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ. नवीन चन्द्र जोशी