इग्नू के दीक्षांत समाराेह में 3,584 शिक्षार्थियों को दी गईं उपाधियां
देहरादून, 07 अप्रैल (हि.स.)। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) के क्षेत्रीय केंद्र देहरादून में आज पूरे उत्साह के साथ दीक्षांत समारोह में 3,584 शिक्षार्थियों को उपाधि प्रदान की गई है। उत्तराखण्ड संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर रमाकांत पाण्डेय ने
दीक्षांत समारोह की महत्ता को भारत की प्राचीन गुरूकुल प्रणाली से जोड़ते हुए उन्होंने कहा कि यह उपाधि केवल कागज का एक टुकड़ा मात्र नहीं है बल्कि यह वह सम्मान है, जो कि योग्तानुसार राष्ट्र निर्माण में अग्रणी भूमिका निभाने की जिम्मेदारी देता है।
कार्यक्रम में वरिष्ठ क्षेत्रीय निदेशक डॉ. अनिल कुमार डिमरी ने
क्षेत्रीय केन्द्र की वार्षिक प्रगति रिपोर्ट पढ़ी गई। उन्हाेंने
बताया कि इस दीक्षांत समारोह में इग्नू क्षेत्रीय केन्द्र देहरादून के 3,584 शिक्षार्थियों को उपाधि प्रदान की गई है। इस वर्ष पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 4 प्रतिशित अधिक छात्राें ने डिग्री प्राप्त की। यह इस बात को दर्शाता है कि इग्नू क्षेत्रीय केन्द्र, देहरादून की शैक्षणिक सेवाओं का विद्यार्थियों पर अनुकूल प्रभाव पड़ा है। उन्हाेंने बताया कि डिग्री प्राप्तकत्ताओं में 51.1 प्रतिशत पुरूष और 48.9 प्रतिशत महिलाएं हैं।
डॉ. डिमरी ने कहा कि इस दीक्षांत समारोह में इग्नू क्षेत्रीय केंद्र, देहरादून के शिक्षार्थी सुमित जोशी को वित्तीय प्रबंधन में एमबीए के लिए व रागिनी रावत को पर्यावरण विज्ञान में एमएससी के लिए इग्नू विश्वविद्यालय, नई दिल्ली में संपन्न दीक्षांत समारोह में स्वर्ण पदक प्रदान किया गया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. राजीव कुमार, उप निदेशक, इग्नू क्षेत्रीय केन्द्र, देहरादून ने किया और डॉ. जगदम्बा प्रसाद, सहायक क्षेत्रीय निदेशक ने शिक्षार्थियों के उपाधि वितरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सहायक कुलसचिव, इग्नू क्षेत्रीय केन्द्र के सहायक कुल सचिव संदीप कुमार ने कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापित किया। इस कार्यक्रम में इग्नू अध्ययन केन्द्रों के समन्वयक, सहायक समन्वयक के साथ ही आशुतोष रावत, राखी अग्रवाल, निशांत कुमार शर्मा, रविन्द्र सिंह, दीप प्रसाद, संतोष वर्मा, सुरेश सिंह, रितु सैनी, निधि राणा, प्रदीप पाल, चैन सिंह आदि उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ विनोद पोखरियाल