भोगपुर में जंगली हाथियों के आतंक से किसान बेहाल, फसलें हो रही बर्बाद

 


हरिद्वार, 27 मार्च (हि.स.)। लक्सर के भोगपुर क्षेत्र में इन दिनों जंगली हाथियों का आतंक किसानों पर भारी पड़ रहा है। रात के समय हाथियों का झुंड खेतों में घुसकर गेहूं, गन्ना और सरसों की फसल को बुरी तरह रौंद रहा है, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। हालात यह हैं कि अब हाथियों का झुंड आबादी की ओर बढ़ने लगा है, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है।

ग्रामीणों के अनुसार पिछले करीब एक महीने से हाथियों का झुंड नीलाधारा गंगा पार करके हर रात भोगपुर क्षेत्र के खेतों में पहुंच रहा है। हाथी पूरी रात खेतों में घूमकर फसलों को नुकसान पहुंचाते हैं और सुबह होते ही गंगा तटबंध के रास्ते वापस जंगल की ओर लौट जाते हैं। हाल ही में हुए हमले में लगभग 20 बीघा जमीन पर खड़ी फसल पूरी तरह नष्ट हो गई, जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

ग्रामीणों का कहना है कि नीलाधारा गंगा तटबंध पर जंगली जानवरों को रोकने के लिए लगाई गई सोलर फेंसिंग पिछले दो वर्षों से खराब पड़ी है। कई बार शिकायत करने के बावजूद इसे ठीक नहीं किया गया, जिसके कारण हाथियों का खेतों में आना-जाना लगातार बढ़ता जा रहा है।

वन विभाग द्वारा गश्त टीम गठित किए जाने के दावे पर भी ग्रामीणों ने सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि टीम होने के बावजूद हाथियों को खेतों में घुसने से नहीं रोका जा पा रहा है। हाथी रात में खेतों में पहुंच जाते हैं और विभाग की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नजर नहीं आती।

किसान बालकृष्ण, अजीत सिंह, स्वराज सैनी और प्रदीप कुमार सहित कई ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग के कर्मचारियों को रात में फोन करने पर भी संपर्क नहीं हो पाता। उनका कहना है कि कई बार शिकायत करने के बाद भी सोलर फेंसिंग ठीक नहीं कराई गई और न ही हाथियों को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए गए।

लक्सर वन क्षेत्राधिकारी महेंद्र गिरी ने बताया कि मामले को गंभीरता से लेते हुए भोगपुर वन चौकी पर नए वन दरोगा की तैनाती की गई है। उनके नेतृत्व में दो टीमें गठित की गई हैं, जो रात में गश्त कर हाथियों को पटाखों और अन्य उपायों के माध्यम से खेतों में घुसने से रोकने का प्रयास कर रही हैं। साथ ही सोलर फेंसिंग को जल्द ठीक कराने की कार्रवाई भी की जा रही है।

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला