ताऊ देवीलाल की भक्ति में अनोखी कांवड़, नंगे पांव हरिद्वार से पानीपत निकला भक्त

 


हरिद्वार, 20 सितंबर (हि.स.)। कांवड़ यात्रा के दौरान धर्मनगरी में आस्था के अलग-अलग रंग देखने को मिल रहे हैं। इसी बीच हरियाणा के पानीपत निवासी सतवीर मलिक की कांवड़ चर्चा में है, जिसमें धार्मिक आस्था के साथ राजनीतिक निष्ठा का संगम दिख रहा है। सतवीर मलिक भगवान शिव के प्रति आस्था के साथ हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री जननायक ताऊ देवीलाल के प्रति निष्ठा का संदेश देते हुए हरिद्वार से नंगे पांव कांवड़ लेकर पानीपत रवाना हुए हैं।

उनकी कांवड़ खास अंदाज में तैयार की गई है।

हरे रंग की इस कांवड़ पर ताऊ देवीलाल की तस्वीर अंकित है, जो कांवड़ मार्ग पर लोगों का ध्यान खींच रही है। आमतौर पर कांवड़ पर शिव परिवार और धार्मिक प्रतीक होते हैं, लेकिन ताऊ देवीलाल की तस्वीर वाली यह कांवड़ आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। सतवीर ने बताया कि वह वर्ष 2004 से लगातार हरिद्वार से गंगाजल लेकर गांव पेचाखेड़ा, पानीपत जाते हैं और शिव का जलाभिषेक करते हैं। इस बार भी उन्होंने परंपरा जारी रखी है, लेकिन संकल्प अलग है।

उन्होंने बताया कि हरिद्वार से पानीपत तक का सफर वह नंगे पांव तय करेंगे। उनका संकल्प है कि जब तक हरियाणा में जननायक जनता पार्टी की सरकार नहीं बनती, तब तक वह नंगे पांव रहेंगे। रास्ते की तकलीफें संकल्प के आगे छोटी हैं। सतवीर की इस यात्रा में आस्था, राजनीतिक निष्ठा और व्यक्तिगत संकल्प का अनोखा मेल है। हरे रंग की कांवड़ पर ताऊ देवीलाल की तस्वीर देखकर कांवड़ मार्ग पर श्रद्धालु जानकारी ले रहे हैं। सतवीर का कहना है कि वह गंगाजल लेकर गांव पहुंचकर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे और अपने संकल्प पर कायम रहेंगे।

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला