छात्र संघ चुनावों में छात्राओं को मिलेगा 50 फीसदी प्रतिनिधित्व : धन सिंह रावत
देहरादून, 12 सितंबर (हि.स.)। उत्तराखंड के राजकीय महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालय परिसरों में होने वाले छात्र संघ चुनावों में अब छात्राओं को 50 फीसदी प्रतिनिधित्व दिया जाएगा। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने राज्य विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को छात्र संघ एवं छात्र परिषदों में प्रतिनिधित्व के मौजूदा ढांचे में संशोधन के निर्देश दिए हैं।
उच्च शिक्षा मंत्री ने शनिवार को अपने शासकीय आवास पर वर्चुअल माध्यम से विभागीय समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने छात्र संघ चुनावों में छात्राओं को 50 फीसदी प्रतिनिधित्व देने के निर्णय के क्रियान्वयन में हो रही देरी पर अधिकारियों से नाराजगी जताई। उन्होंने तीन दिन के भीतर शासन को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए।
डॉ. रावत ने सभी राज्य विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को छात्र परिषद एवं छात्र संघों में छात्राओं को 50 फीसदी प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक संशोधन करने तथा निर्धारित प्रक्रिया के तहत छात्र संघ चुनावों की तिथियां शीघ्र घोषित करने को कहा।
उन्होंने कहा कि राज्य विश्वविद्यालय परिसरों एवं महाविद्यालयों में 65 फीसदी से अधिक छात्राएं अध्ययनरत हैं। ऐसे में छात्र संघ और छात्र परिषदों में उनकी पर्याप्त भागीदारी सुनिश्चित करना आवश्यक है। छात्राओं को 50 फीसदी प्रतिनिधित्व मिलने से वे अपनी समस्याओं और सुझावों को छात्र मंचों पर प्रभावी ढंग से रख सकेंगी। इससे छात्राओं का आत्मविश्वास बढ़ने के साथ ही उच्च शिक्षण संस्थानों में महिला नेतृत्व को भी प्रोत्साहन मिलेगा।
बैठक में दून विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. सुरेखा डंगवाल, सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एस.एस. बिष्ट, उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति एवं कुमाऊं विश्वविद्यालय के प्रभारी कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी, संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. रमाकांत पाण्डेय, श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अम्बरीश महाजन, अपर सचिव उच्च शिक्षा मनुज गोयल, संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा प्रो. ए.एस. उनियाल समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में उच्च शिक्षा मंत्री ने राज्य विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में सेवा संकल्प अभियान से युवाओं को जोड़ने के निर्देश भी दिए। उन्होंने बताया कि 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक सभी राजकीय एवं निजी उच्च शिक्षण संस्थानों में व्यापक अभियान चलाया जाएगा। इसमें राज्यपाल, मुख्यमंत्री, कैबिनेट मंत्री और विधायक प्रतिभाग करेंगे।
उन्होंने कहा कि '25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत' कार्यक्रम के तहत शिक्षण संस्थानों में विकसित भारत के संकल्प पर भाषण, चित्रकला और निबंध प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। युवा संवाद कार्यक्रम में एनसीसी, एनएसएस, रोवर-रेंजर्स और मेधावी छात्र सेवा कार्यों से जुड़ी प्रेरक कहानियां साझा करेंगे। सेवा, वृक्षारोपण और स्वच्छता समेत विभिन्न गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी। प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा।
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हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय