साइबर अपराध से बचाव के लिए उत्तराखंड एसटीएफ की नई पहल, विकसित किया ‘साइबर पोर्टल हब’

 


देहरादून, 01 अक्टूबर (हि.स.)। उत्तराखंड स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने साइबर अपराध से जुड़ी शिकायतों और सहायता सेवाओं तक आमजन की आसान पहुंच सुनिश्चित करने के लिए ‘साइबर पोर्टल हब’ विकसित किया है। इस पोर्टल पर साइबर अपराध, ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी, महिला एवं बच्चों की साइबर सुरक्षा, सोशल मीडिया और डिजिटल भुगतान से संबंधित महत्वपूर्ण आधिकारिक सेवाओं के लिंक एक ही स्थान पर उपलब्ध कराए गए हैं।

एसटीएफ की ओर से गुरुवार को जारी विज्ञप्ति के अनुसार 'साइबरपोर्टलहबडॉटओआरजी (cyberportalhub.org)' के माध्यम से नागरिक राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीआरपी) तक सीधे पहुंच सकते हैं। इसमें महिला और बच्चों से संबंधित साइबर अपराध की शिकायत दर्ज करने के लिए उपलब्ध विकल्पों की जानकारी भी दी गई है।

पोर्टल पर बच्चों से संबंधित आपत्तिजनक अथवा यौन शोषण सामग्री के ऑनलाइन प्रसार की स्थिति में रिपोर्टिंग के लिए एनसीआरपी और ‘टेक इट डाउन’ जैसी सेवाओं की जानकारी उपलब्ध कराई गई है। वहीं, वयस्कों की बिना सहमति साझा की गई निजी तस्वीरों और वीडियो के मामलों में ‘स्टॉप एनसीआईआई’ जैसी सेवा की जानकारी भी दी गई है।

एसटीएफ ने साइबर वित्तीय धोखाधड़ी की स्थिति में नागरिकों से तत्काल 1930 साइबर अपराध हेल्पलाइन पर सूचना देने की अपील की है। पोर्टल पर भारतीय रिजर्व बैंक की शिकायत एवं निवारण सेवाओं, उपभोक्ता शिकायत, डिजिटल भुगतान और यूपीआई से संबंधित आधिकारिक सेवाओं के लिंक भी उपलब्ध हैं।

साइबर पोर्टल हब में सोशल मीडिया खाते के हैक होने, फर्जी प्रोफाइल बनाने, किसी अन्य व्यक्ति के नाम से खाता संचालित किए जाने और खाता वापस पाने जैसी समस्याओं के लिए विभिन्न सोशल मीडिया मंचों के आधिकारिक शिकायत एवं रिपोर्टिंग माध्यमों के लिंक भी शामिल किए गए हैं। इसके अलावा बैंकिंग, दूरसंचार, ई-कॉमर्स और अन्य ऑनलाइन सेवाओं के आधिकारिक लिंक तथा साइबर सुरक्षा और डिजिटल जांच से संबंधित कुछ उपयोगी उपकरण भी उपलब्ध कराए गए हैं।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ अजय सिंह ने कहा कि साइबर अपराध से बचाव और उसके खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के लिए सही जानकारी के साथ समय पर उचित माध्यम से शिकायत करना महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि पोर्टल का उद्देश्य नागरिकों को अलग-अलग वेबसाइटों पर जानकारी तलाशने की परेशानी से बचाते हुए महत्वपूर्ण आधिकारिक साइबर सुरक्षा, शिकायत और सहायता सेवाओं तक एक स्थान से पहुंच उपलब्ध कराना है।

उन्होंने कहा कि एसटीएफ में कार्य के दौरान यह महसूस किया गया कि आमजन, विशेषकर कम डिजिटल जानकारी रखने वाले लोगों को साइबर अपराध से संबंधित सही पोर्टल और शिकायत प्रक्रिया की जानकारी नहीं होती। इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए ‘साइबर पोर्टल हब’ को एक सरल डिजिटल संदर्भ केंद्र के रूप में विकसित किया गया है।

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हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय