देसंविवि का ग्लोबलेथिक्स व इरोज इंटरनेशलन के साथ हुआ एमओयू
हरिद्वार, 22 फ़रवरी (हि.स.)। देव संस्कृति विश्वविद्यालय में आयोजित ‘एआई फॉर संस्कृति’ इंटरनेशनल समिट के दौरान विश्वविद्यालय और जिनेवा स्थित अंतरराष्ट्रीय संस्था ग्लोबेथिक्स के बीच रविवार को समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर औपचारिक हस्ताक्षर किए गए। प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या और ग्लोबेथिक्स के कार्यकारी निदेशक डॉ. फादी दाऊ ने इस समझौते पर हस्ताक्षर किए।
यह साझेदारी वैश्विक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) परिदृश्य में नैतिकता, सांस्कृतिक संवेदनशीलता और मानवीय मूल्यों के संस्थागत समावेश की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। प्रस्तावित सहयोग का उद्देश्य भारतीय ज्ञान-परंपरा, सांस्कृतिक विमर्श और नैतिक दृष्टिकोण को एआई तकनीक के माध्यम से वैश्विक मंच तक पहुंचाना है।
आयोजकों के अनुसार, यह पहल इस विचार को सशक्त करती है कि आधुनिक तकनीक केवल गणनात्मक उपकरण नहीं, बल्कि सभ्यताओं के बीच संवाद और वैश्विक सद्भाव का माध्यम भी बन सकती है।
हरिद्वार की आध्यात्मिक पृष्ठभूमि से प्रारंभ हुआ यह समझौता भविष्य की एआई नीतियों को नैतिक चेतना और मानवीय संवेदनशीलता से जोड़ने की दिशा में प्रतीकात्मक कदम माना जा रहा है। हरिद्वार से जिनेवा तक जुड़ा यह सहयोग वैश्विक एआई विमर्श को नई दिशा देने की क्षमता रखता है, जहां तकनीक और मानवता परस्पर पूरक बनकर विश्व कल्याण का मार्ग प्रशस्त कर सकते हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला