सरस फूड फेस्टिवल: स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं ने किया एक करोड़ से अधिक का कारोबार

 






-सात दिवसीय मेले में 200 से अधिक स्टॉल लगे, उत्तराखंड के 13 जिलों और 17 राज्यों की महिलाओं ने लिया भाग

-लखपति दीदी से करोड़पति दीदी बनने की ओर अग्रसर हो रहीं महिलाएं : अनीता पंवार

देहरादून, 12 अक्टूबर (हि.स.)। राजधानी देहरादून में आयोजित सात दिवसीय सरस फूड फेस्टिवल-2026 ग्रामीण महिलाओं की आजीविका और स्वरोजगार को बढ़ावा देने का मंच बना। मेले में स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं ने कुल 1,01,00,692 रुपये का कारोबार किया। आयोजन में 200 से अधिक स्टॉल लगाए गए, जिनमें उत्तराखंड के सभी 13 जिलों और देश के 17 राज्यों के स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं ने भागीदारी की।

ग्राम्य विकास विभाग और जिला प्रशासन देहरादून के तत्वावधान में आयोजित इस मेले में महिलाओं को अपने उत्पादों की बिक्री और विपणन के लिए अवसर मिला। विभिन्न समूहों ने पारंपरिक व्यंजनों, पहाड़ी उत्पादों, हस्तशिल्प और स्थानीय वस्तुओं के स्टॉल लगाए। इससे महिलाओं को सीधे उपभोक्ताओं तक अपने उत्पाद पहुंचाने और बाजार में उनकी मांग समझने का अवसर मिला।

सरस फूड फेस्टिवल की नोडल अधिकारी अनीता पंवार ने बताया कि सात दिवसीय आयोजन स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के लिए आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने में सहायक रहा। मेले में एक करोड़ एक लाख रुपये से अधिक का कारोबार होना समूहों के उत्पादों की बाजार में पहुंच और बिक्री के अवसरों को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं अब लखपति दीदी से आगे बढ़कर करोड़पति दीदी बनने की दिशा में अग्रसर हो रही हैं।

फेस्टिवल में देश के विभिन्न राज्यों से आई महिलाओं के पारंपरिक उत्पादों और व्यंजनों ने भी लोगों का ध्यान आकर्षित किया। अलग-अलग क्षेत्रों के हस्तशिल्प और स्थानीय वस्तुओं के प्रदर्शन से लोगों को देश की सांस्कृतिक विविधता से परिचित होने का अवसर मिला।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय