सुरक्षित बचपन अभियान: चार स्कूलों में बच्चों को बताए सुरक्षा के कानूनी अधिकार
हरिद्वार, 28 अक्टूबर (हि.स.)। बच्चों को सुरक्षित एवं भयमुक्त वातावरण उपलब्ध कराने और उन्हें अपने कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) एवं पुलिस विभाग की ओर से सुरक्षित बचपन अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में बुधवार को धनौरी, कलियर, माजरी और इमलीखेड़ा के चार विद्यालयों में विधिक जागरूकता कार्यशालाओं का आयोजन किया गया।
28 अक्टूबर को आयोजित इन कार्यक्रमों में छात्र-छात्राओं को बाल अधिकारों, पॉक्सो एक्ट की बुनियादी जानकारी और मानसिक एवं शारीरिक शोषण से बचाव के उपायों के बारे में बताया गया। साथ ही बच्चों को सुरक्षा कानूनों और कानूनी सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया से भी अवगत कराया गया।
राजाबाबू इंटर कॉलेज, आसफनगर धनौरी में एसीजेएम हरिद्वार एवं उपनिरीक्षक महिपाल सैनी की उपस्थिति में कार्यक्रम आयोजित हुआ। एमजीएफएम इंटर कॉलेज, कलियर में प्रथम अपर जिला जज रुड़की अंबिका पंत, प्रभारी निरीक्षक कमल मोहन भंडारी और वरिष्ठ उपनिरीक्षक रमेश कुमार सैनी मौजूद रहे।
माजरी इंटर कॉलेज में एसीजेएम द्वितीय रुड़की एवं अपर उपनिरीक्षक सूरज नेगी तथा राजकीय इंटर कॉलेज, इमलीखेड़ा में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम रुड़की दीप्ति पंत और उपनिरीक्षक योगेश कुमार की मौजूदगी में जागरूकता कार्यक्रम हुआ।
कार्यक्रमों में न्यायिक अधिकारियों और पुलिसकर्मियों ने बच्चों की सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर जानकारी दी। इस दौरान छात्र-छात्राओं एवं स्थानीय लोगों ने अपनी जिज्ञासाएं रखीं और अधिकारियों से संवाद कर कानूनी प्रक्रियाओं को समझा।
विद्यालय प्रबंधन, स्थानीय नागरिकों और छात्र-छात्राओं ने न्याय प्रशासन एवं पुलिस के इस संयुक्त प्रयास की सराहना की। अभियान का उद्देश्य बच्चों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक कर सुरक्षित बचपन सुनिश्चित करने की दिशा में प्रभावी पहल करना है।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला