कुष्ठ रोगियों के पुनर्वास में लापरवाही न हो, मूलभूत सुविधाएं दिलाएं: डॉ. नायक
हरिद्वार, 30 सितंबर (हि.स.)। राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग, नई दिल्ली के विशेष मॉनिटर डॉ. प्रदीप्त कुमार नायक ने बुधवार को जिला कार्यालय सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक कर मानवाधिकारों के संरक्षण, कमजोर एवं वंचित वर्गों के कल्याण तथा जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की। बैठक में कुष्ठ रोगियों के पुनर्वास और उन्हें स्वास्थ्य सुविधाओं सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने पर विशेष जोर दिया गया।
डॉ. नायक ने निर्देश दिए कि कुष्ठ रोगियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए प्रभावी पुनर्वास व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्हें उपचार, दवाएं, जांच और स्वास्थ्य सुविधाओं के साथ सम्मानजनक जीवन के लिए आवश्यक सामाजिक एवं आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाए। पात्र कुष्ठ रोगियों को राशन कार्ड, पेंशन और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ प्राथमिकता से दिलाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि कुष्ठ रोग से प्रभावित जिन लोगों को दिव्यांगता प्रमाण पत्र की आवश्यकता है, उनके प्रमाण पत्र बनाने की प्रक्रिया को सरल और सुगम बनाया जाए। प्रमाण पत्र के आधार पर मिलने वाली सभी पात्र सुविधाएं भी सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि दस्तावेजों के अभाव में किसी पात्र व्यक्ति को सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। संबंधित विभाग आपसी समन्वय से ऐसे मामलों का समाधान करें।
विशेष मॉनिटर ने कहा कि केवल योजनाएं संचालित करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि यह देखना भी जरूरी है कि उनका वास्तविक लाभ पात्र व्यक्ति तक पहुंच रहा है या नहीं। अधिकारियों को क्षेत्र में जाकर लाभार्थियों की स्थिति की जानकारी लेने और योजनाओं से वंचित पात्र लोगों को चिन्हित कर लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने निर्बल, असहाय, दिव्यांग एवं वंचित वर्गों के लिए संवेदनशीलता के साथ कार्य करने पर जोर देते हुए कहा कि ऐसे लोगों को सरकारी कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर न लगाने पड़ें। सभी विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर उनकी समस्याओं का समाधान करें और मानवाधिकारों से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार के भेदभाव से बचते हुए सम्मानजनक जीवन, स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराएं।
बैठक में अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों के माध्यम से कुष्ठ रोगियों, दिव्यांगजनों एवं अन्य कमजोर वर्गों के लिए संचालित योजनाओं और उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी दी। डॉ. नायक ने पात्र लाभार्थियों के नियमित चिन्हीकरण और योजनाओं के लाभ की निरंतर निगरानी के निर्देश दिए।
हरिद्वार पहुंचने पर मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र ने डॉ. नायक का स्मृति चिह्न भेंटकर स्वागत किया। उन्होंने आश्वस्त किया कि विशेष मॉनिटर द्वारा दिए गए निर्देशों और सुझावों का संबंधित विभागीय अधिकारियों से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा।
बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आरके सिंह, नगर मजिस्ट्रेट हर गिरी, मुख्य शिक्षा अधिकारी अमित चंद, सहायक श्रम आयुक्त प्रशांत कुमार, जिला समाज कल्याण अधिकारी सुबोध शर्मा, जिला प्रोवेशन अधिकारी अविनाश सिंह भदौरिया सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला