लोक संवर्धन पर्व में पांडवास की लोक-फ्यूजन प्रस्तुति ने बांधा समां

 


देहरादून, 14 जुलाई (हि.स.)। केंद्र सरकार के अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय और उत्तराखंड सरकार के उत्तराखंड अल्पसंख्यक कल्याण एवं वक्फ विकास निगम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित छठे लोक संवर्धन पर्व के चौथे दिन मंगलवार को परेड ग्राउंड उत्तराखंड की लोक संस्कृति और संगीत का केंद्र बना रहा। लोक-फ्यूजन बैंड 'पांडवास' की प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया, जबकि लोक गायक रोहित चौहान और लोक गायिका माया उपाध्याय ने भी अपनी प्रस्तुतियों से समां बांध दिया।

महोत्सव के दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने देशभर से आए कारीगरों के स्टॉलों का अवलोकन किया। आगंतुकों ने पारंपरिक हस्तशिल्प, हथकरघा उत्पाद, क्षेत्रीय व्यंजनों और विरासत शिल्प का आनंद लेने के साथ कारीगरों एवं उद्यमियों से संवाद भी किया।

सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ लोक गायक रोहित चौहान की प्रस्तुति से हुआ। उन्होंने गढ़वाली और कुमाऊँनी लोकगीतों की प्रस्तुति देकर दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। इसके बाद लोक गायिका माया उपाध्याय ने अपने लोकप्रिय गीतों से उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत किया।

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण उत्तराखंड के प्रसिद्ध लोक-फ्यूजन बैंड 'पांडवास' की प्रस्तुति रही। बैंड ने पारंपरिक लोक संगीत और आधुनिक संगीत का प्रभावशाली संगम प्रस्तुत करते हुए अपनी लोकप्रिय रचनाओं की प्रस्तुति दी, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा।

आयोजकों ने कहा कि लोक संवर्धन पर्व कारीगरों और उद्यमियों को राष्ट्रीय स्तर पर अपने उत्पाद प्रदर्शित करने का अवसर देने के साथ भारत की सांस्कृतिक विविधता को भी सशक्त मंच उपलब्ध करा रहा है।

महोत्सव में हथकरघा वस्त्र, काष्ठ शिल्प, पीतल शिल्प, बांस उत्पाद, टेराकोटा, अजरख प्रिंट और पारंपरिक आभूषणों सहित विभिन्न हस्तनिर्मित उत्पाद आकर्षण का केंद्र रहे।

आयोजकों के अनुसार, लोक संवर्धन पर्व 15 जुलाई तक प्रतिदिन प्रातः 11:30 बजे से रात्रि 9 बजे तक आम जनता के लिए निःशुल्क खुला रहेगा। समापन समारोह में प्रसिद्ध पंजाबी गायक परमिश वर्मा की लाइव प्रस्तुति होगी।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय