सरकार का उद्देश्य “ तकनीकी अंत्योदय” भी है : बत्रा
हरिद्वार, 11 मई (हि.स.)। यूकॉस्ट, आईटीडीए एवं लक्ष्य सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में आईआईटी रुड़की परिसर में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर “ रिस्पांसिबल इनोवेशन फॉर इंक्लूसिव ग्रोथ” विषयक कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस अवसर पर मुख्यातिथि कैबिनेट मंत्री (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी) प्रदीप बत्रा ने कहा कि विज्ञान, सूचना प्रौद्योगिकी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और नवाचार केवल आधुनिक विकास के साधन नहीं, बल्कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक अवसर पहुंचाने का माध्यम बनने चाहिए। उन्होंने भाजपा के अंत्योदय दर्शन को तकनीकी विकास से जोड़ते हुए कहा कि सरकार का उद्देश्य “ तकनीकी अंत्योदय” भी है, जहां तकनीक का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचे। मंत्री बत्रा ने कहा सरकार ऐसा समन्वित मॉडल विकसित करना चाहती है जोगांव, गरीब, किसान, छात्र और युवा सभी के जीवन को सशक्त करें।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के डिजिटल इंडिया स्टार्टअप इंडिया और इंडिया एआई विजन का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत तेजी से वैश्विक टेक्नोलॉजी लीडर बन रहा है। उत्तराखंड में भी विज्ञान एवं तकनीक आधारित विकास को नई दिशा देने के लिए सरकार निरंतर कार्य कर रही है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता आईआईटी रुड़की के निदेशक प्रो. कमल किशोर पंत ने की, जबकि यूकॉस्ट के महानिदेशक प्रो. दुर्गेश पंत विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।अतिथियों ने रिस्पांसिबल इनोवेशन, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और समावेशी विकास पर अपने विचार साझा किए तथा युवाओं को विज्ञान और तकनीक के माध्यम से विकसित भारत निर्माण में योगदान देने का संदेश दिया।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला