कैंची धाम में स्थापना दिवस पर हजारों श्रद्धालुओं ने किए बाबा नीब करौरी महाराज के दर्शन
नैनीताल, 15 जून (हि.स.)। कैंची धाम में बाबा नीब करौरी महाराज के 62वें स्थापना दिवस पर सोमवार को आस्था का महासंगम देखने को मिला। प्रातः पांच बजे वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोले गए।
कपाट खुलने से पहले ही मंदिर परिसर और मुख्य मार्गों पर श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग गई थीं। इसके बाद पूरे दिन देश-विदेश से पहुंचे हजारों श्रद्धालुओं ने बाबा के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस, प्रशासन और विभिन्न विभागों ने सुरक्षा, यातायात तथा दर्शन व्यवस्था के व्यापक प्रबंध किए। विशेषकर वाहनों के लिये लागू की गयी स्टीकर व्यवस्था से यातायात की बेहतर व्यवस्था देखी गयी।
कैंची धाम में सुबह से ही श्रद्धालुओं का लगातार आगमन जारी रहा। यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया गया तथा भवाली सैनिटोरियम, नैनीताल, भीमताल, गरमपानी, काठगोदाम और हल्द्वानी सहित विभिन्न स्थानों से निरंतर शटल सेवाएं संचालित की गईं।
निर्धारित पार्किंग स्थलों से श्रद्धालुओं को शटल वाहनों के माध्यम से मंदिर के पास वन विभाग के बैरियर तक पहुंचाया गया, और वहां से श्रद्धालु कतारों में लगभग डेढ़ किमी की पैदल दूरी चलकर मंदिर तक पहुंचे। पुलिस और स्वयंसेवकों ने कतार व्यवस्था, प्रवेश एवं निकास मार्गों तथा भीड़ प्रबंधन को सुव्यवस्थित बनाए रखा, जिससे श्रद्धालुओं को दर्शन में विशेष सुविधा मिली।
नैनीताल पुलिस ने श्रद्धालुओं से शांति व्यवस्था बनाए रखने, निर्धारित यातायात योजना का पालन करने तथा पुलिस और स्वयंसेवकों के निर्देशों का अनुपालन करने की अपील की। मेले के दौरान श्रद्धालुओं ने पुलिस द्वारा की गई व्यवस्थाओं की सराहना भी की। दर्शनार्थियों ने यातायात प्रबंधन, शटल सेवा, सुरक्षा व्यवस्था और सहयोगात्मक व्यवहार को संतोषजनक बताते हुए कहा कि सुव्यवस्थित व्यवस्थाओं के कारण उन्हें बाबा के दर्शन सहजता से प्राप्त हुए।
पुलिस ने भी श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए सभी व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी जारी रखी। इस दौरान कैंची धाम के साथ ही पूरे जनपद में जगह-जगह पानी एवं आलू-पूड़ी आदि के भंडारे आयोजित हुए और कई जगह बाबा नीब करौरी के प्रसाद मालपुवों का प्रसाद भी वितरित किया गया। जनपद में कालाढुंगी से लेकर हल्द्वानी, काठगोदाम, ज्योलीकोट, भवाली, भीमताल आदि स्थानों पर पुलिस कर्मी तैनात रहे।
पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी लगातार मौके पर जमे रहे, जबकि डॉग स्क्वॉड भी सुरक्षा के दृष्टिगत तैनात रही। यहां पहुंचे श्रद्धालुओं में उत्तराखंड के अतिरिक्त देश के उत्तर प्र्रदेश, मध्य प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान के साथ ही गुजरात व महाराष्ट्र के साथ ही सात समुंदर पार अमेरिका व अन्य देशों के विदेशी श्रद्धालु भी देखने को मिले। श्रद्धालुओं के वाहनों के सुगम आवागमन के लिये नैनीताल, कैंची व अन्य स्थानों को जाने वाले श्रद्धालुओं के वाहनों पर अलग-अलग रंग के स्टीकर लगाये गये, जिससे वाहन आसानी से अपने गन्तव्य को पहुंच पाये। जूते-चप्पल संभालने के लिये निःशुल्क व्यवस्था भी सराहनीय रही।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ. नवीन चन्द्र जोशी