श्रावण में शिवभक्तों की सेवा ही सच्ची शिव आराधना: महंत विष्णु दास
हरिद्वार, 04 अगस्त (हि.स.)। श्रावण मास के पावन अवसर पर धर्मनगरी हरिद्वार में कांवड़ यात्रा अपने चरम पर है। ऐसे में श्रीगुरू सेवक निवास उछाली आश्रम द्वारा ललतारो पुल के निकट संचालित कांवड़ सेवा शिविर श्रद्धालुओं के लिए राहत और सेवा का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। यहां दूर-दराज से आने वाले हजारों शिवभक्त कांवड़ियों को प्रतिदिन निरूशुल्क भोजन, पेयजल, चाय एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। आश्रम के संतों और बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों द्वारा पूरे समर्पण और सेवा भाव के साथ लगातार शिवभक्तों की सेवा की जा रही है।
आश्रम परमाध्यक्ष महंत विष्णु दास महाराज ने कहा कि श्रावण मास में भगवान शिव के भक्तों की निस्वार्थ सेवा करना ही सच्ची शिव आराधना है। उन्होंने कहा कि भारतीय सनातन संस्कृति में सेवा को सर्वोच्च धर्म माना गया है और कांवड़ियों की सेवा इसी महान परंपरा का जीवंत उदाहरण है।
उन्होंने बताया कि आश्रम में सेवा के साथ-साथ स्वच्छता का भी विशेष ध्यान रखा जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध हो सके। कांवड़ सेवा शिविर के छठे दिन भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने आश्रम पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया और संतों एवं स्वयंसेवकों के समर्पण की सराहना की। महंत विष्णु दास ने सभी श्रद्धालुओं से कांवड़ यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने, यातायात नियमों का पालन करने, स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने तथा पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय सहयोग देने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि श्रावण मास की समाप्ति तक आश्रम में कांवड़ सेवा का यह क्रम निरंतर जारी रहेगा।
शिविर में महंत सीताराम दास, महंत कन्हैया दास, राघवेन्द्र दास, पुनीत दास, अमन दास, सुभाष जसवाणी, सुरेश खेड़ा, रमेश खनेजा सहित आश्रम के अनेक संत एवं सेवादार अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला