तमंचे के बल पर महिला से गैंगरेप और लूट करने वाले चार आरोपित गिरफ्तार
हरिद्वार, 15 जुलाई (हि.स.)। थाना पथरी क्षेत्र में महिला के साथ तमंचे के बल पर सामूहिक दुष्कर्म और लूट की सनसनीखेज वारदात का खुलासा करते हुए पुलिस ने चार आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किया गया अवैध तमंचा, चाकू, मोटरसाइकिल, पीड़िता से लूटे गए झुमके तथा मोबाइल फोन के टूटे हुए हिस्से और बैटरी बरामद की है।
पुलिस के अनुसार, 7 जुलाई की रात पीड़िता अपने बच्चे के साथ घर पर मौजूद थी। आरोप है कि चार युवक तमंचे के बल पर घर में घुस आए और महिला को जान से मारने की धमकी देकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपित महिला के कानों से झुमके लूटकर मौके से फरार हो गए।
अगले दिन 8 जुलाई को पीड़िता की शिकायत के आधार पर थाना पथरी में अज्ञात आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के निर्देश पर आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीम गठित की गई।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया, आसपास के लोगों से पूछताछ की और तकनीकी साक्ष्यों के साथ अन्य महत्वपूर्ण सुराग जुटाए। संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी गई और संदिग्धों की गतिविधियों पर नजर रखी गई। इसी क्रम में मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने पथरी जंगल के पास से दो संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया।
पूछताछ में दोनों आरोपितों ने वारदात में संलिप्तता स्वीकार कर ली। उनकी निशानदेही और पूछताछ से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने घटना में शामिल दो अन्य आरोपितों को भी गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने बताया कि बरामदगी और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे में अतिरिक्त धाराएं भी बढ़ाई गई हैं। चारों आरोपितों से घटना के संबंध में विस्तृत पूछताछ की जा रही है और यह भी जांच की जा रही है कि उनका किसी अन्य आपराधिक घटना से संबंध तो नहीं है।
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान शिवम (24 वर्ष) पुत्र गम्भीर, शेखर (22 वर्ष) पुत्र चादकीराम, अरुण (23 वर्ष) पुत्र दलीप निवासीगण ग्राम दुर्गागढ़ थाना पथरी तथा विकास (25 वर्ष) पुत्र राजेन्द्र निवासी ग्राम महाखड़ी थाना सयाना, जनपद बुलंदशहर (उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनका चालान कर दिया है।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला