उत्तराखंड में ड्रग्स के खिलाफ सख्त एक्शन, 15 दिन में रोडमैप तैयार करने के निर्देश

 


देहरादून, 29 अप्रैल (हि. स.)। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन की अध्यक्षता में सचिवालय में आयोजित राज्य स्तरीय एनकॉर्ड की 11वीं बैठक में प्रदेश में मादक पदार्थों के खिलाफ कड़े कदम उठाने का निर्णय लिया गया। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि अगले 15 दिनों के भीतर राज्य और जनपद स्तर पर मादक पदार्थों के खिलाफ एक वर्ष का ठोस रोडमैप तैयार कर सचिव गृह को उपलब्ध कराया जाए।

बैठक में ड्रग्स तस्करी और अवैध कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण के लिए विस्तृत रणनीति पर चर्चा की गई। मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिए कि जनपद स्तर पर एनकॉर्ड बैठकों का नियमित आयोजन सुनिश्चित किया जाए और क्षेत्रीय स्तर पर स्थिति की निरंतर समीक्षा की जाए।

मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि अगले 15 दिनों के भीतर राज्य और जनपद स्तर पर मादक पदार्थों के खिलाफ एक वर्ष का ठोस रोडमैप तैयार कर सचिव गृह को उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने मादक पदार्थों से जुड़े मामलों के त्वरित निस्तारण, सप्लाई चेन तोड़ने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई पर जोर दिया। साथ ही स्कूली बच्चों में जागरूकता अभियान, शिक्षण संस्थानों में एंटी-ड्रग क्लब गठन और स्कूलों के आसपास तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर सख्ती से रोक लगाने के निर्देश दिए।

बैठक में निजी डी-एडिक्शन सेंटरों की नियमित जांच, मानक पूरा न करने वाले केंद्रों को बंद करने, गढ़वाल और कुमाऊं मंडलों में ड्रग इंस्पेक्टर तैनात करने तथा सरकारी अस्पतालों में डी-एडिक्शन बेड आरक्षित करने के निर्देश भी दिए गए। इसके अलावा राष्ट्रीय नारकोटिक्स हेल्पलाइन ‘मानस-1933’ के व्यापक प्रचार-प्रसार पर भी विशेष जोर दिया गया, ताकि आमजन नशे के अवैध कारोबार की सूचना आसानी से साझा कर सकें।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय