सरकारी जमीन पर बनी मजार पर चला बुलडोजर, दो माह की जांच के बाद कार्रवाई

 


देहरादून, 21 सितंबर (हि.स.)। देहरादून में सरकारी भूमि पर अतिक्रमण के खिलाफ धामी सरकार की कार्रवाई सोमवार को भी जारी रही। नरकंडा रोड पर सड़क किनारे सरकारी जमीन पर बनी मजार को प्रशासन और नगर निगम की संयुक्त टीम ने हटा दिया। भूमि अभिलेखों की जांच में जमीन सरकारी पाए जाने और नोटिस की अवधि पूरी होने के बाद यह कार्रवाई की गई।

देहरादून जिलाधिकारी आशीष चौहान ने बताया कि करीब दो माह पहले नरकंडा रोड पर बनी उक्त संरचना को लेकर शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत के बाद संबंधित भूमि के दस्तावेज और राजस्व अभिलेखों की जांच कराई गई। जांच में भूमि सरकारी पाई गई। इसके बाद प्रशासन ने संरचना हटाने के संबंध में नोटिस चस्पा किया था।

प्रशासन के अनुसार नोटिस चस्पा किए जाने के करीब दो सप्ताह बाद भी निर्धारित अवधि में संरचना नहीं हटाए जाने पर सोमवार को नगर प्रशासन और नगर निगम की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने कार्रवाई करते हुए सड़क किनारे बनी संरचना को हटा दिया।

यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है, जब प्रदेश में सरकारी भूमि पर किए गए अतिक्रमण को हटाने का अभियान चल रहा है। प्रशासन का कहना है कि किसी भी संरचना के संबंध में कार्रवाई से पहले भूमि के स्वामित्व और राजस्व अभिलेखों की जांच की जा रही है। इसके बाद नियमानुसार नोटिस और अन्य प्रक्रिया पूरी करते हुए कार्रवाई की जा रही है।

597 मजारें हटाने का दावा:

प्रदेश में अब तक 597 अवैध मजारों को हटाकर सरकारी भूमि को कब्जामुक्त कराया जा चुका है। नरकंडा रोड की कार्रवाई को भी इसी अभियान का हिस्सा बताया गया है।प्रशासन की इस कार्रवाई से सड़क किनारे सरकारी भूमि पर हुए अतिक्रमण को लेकर चल रही कार्रवाई एक बार फिर चर्चा में आ गई है। अधिकारियों के मुताबिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराने की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय