कानून-व्यवस्था और पब-बार नियंत्रण को लेकर कांग्रेस ने मुख्य सचिव काे दिया ज्ञापन
देहरादून, 07 अप्रैल (हि.स.)। प्रदेश कांग्रेस चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष प्रीतम सिंह के नेतृत्व में कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को राज्य के मुख्य सचिव काे प्रदेश में कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने और पब-बार संचालन पर प्रभावी नियंत्रण लगाने की मांग को लेकर एक ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में हाल के समय में राज्य, विशेषकर देहरादून में दिनदहाड़े हुई आपराधिक घटनाओं, जिनमें मसूरी डायवर्जन क्षेत्र में हुई गोलीकांड की घटना भी शामिल है। प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि अक्सर किसी बड़ी घटना के बाद ही प्रशासन सक्रिय होता है, जबकि पूर्व से ही सतर्क और प्रभावी व्यवस्था आवश्यक है। कांग्रेस नेताओं ने पब-बार संचालन को लेकर स्पष्ट और कड़ाई से लागू होने वाली नीति बनाने की मांग की। उन्होंने कहा कि सप्ताहांत में देर रात तक बार संचालन की अनुमति कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती बन रही है और इससे आपराधिक घटनाओं की आशंका बढ़ती है।
ज्ञापन में थाना स्तर पर जवाबदेही तय करने, नियमित क्राइम रिव्यू बैठकें आयोजित करने, पुलिस गश्त बढ़ाने, पीसीआर वैन की संख्या में वृद्धि, बाहरी व्यक्तियों और होमस्टे संचालकों के सत्यापन अभियान को सुदृढ़ करने सहित कई सुझाव दिए गए। महिला सुरक्षा के लिए विशेष टीमों के गठन, सीसीटीवी नेटवर्क को आधुनिक तकनीक एवं एआई से जोड़ने तथा 112 आपातकालीन सेवा के रिस्पॉन्स टाइम को कम करने की भी मांग की गई।
इसके अतिरिक्त पब-बार लाइसेंस प्रक्रिया को सख्त और पारदर्शी बनाने, रात्रि 11 बजे के बाद संचालन पर रोक लगाने, नाबालिगों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध, ड्रंक एंड ड्राइव के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने और बाउंसरों और सुरक्षाकर्मियों के अनिवार्य सत्यापन जैसे प्रस्ताव भी रखे गए।
प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार से मांग की कि उत्तराखंड की शांत एवं धार्मिक पहचान को बनाए रखने के लिए सक्रिय, जवाबदेह और प्रभावी कानून-व्यवस्था तंत्र विकसित किया जाए।
इस दौरान प्रदेश महामंत्री संजय पालीवाल, गोदावरी थापली, विरेन्द्र पोखरियाल, पूर्व विधायक राजकुमार, पूर्व महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा, प्रवक्ता दीप बोहरा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय