महिला सुरक्षा को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर उठाए सवाल
गोपेश्वर, 18 सितंबर (हि.स.)। उत्तराखंड के विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं और नाबालिगों के साथ हुई हत्या, दुष्कर्म और उत्पीड़न की घटनाओं को लेकर चमोली जिला कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष सुरेश डिमरी ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है।
डिमरी ने अंकिता भंडारी हत्याकांड, हेमा नेगी और पिंकी हत्याकांड का उल्लेख करते हुए कहा कि इन घटनाओं के बाद भी महिलाओं के खिलाफ गंभीर अपराध सामने आना चिंता का विषय है। उन्होंने चंपावत में नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म के आरोप वाले मामले समेत मंगलौर, द्वाराहाट और श्रीनगर की घटनाओं का भी जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि महिला अपराध किसी एक क्षेत्र तक सीमित नहीं हैं। राजधानी से लेकर पर्वतीय क्षेत्रों तक ऐसी घटनाएं सामने आना महिला सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े करता है। डिमरी ने कहा कि केवल घटना के बाद मुकदमा दर्ज करना और गिरफ्तारी करना पर्याप्त नहीं है। अपराधों की रोकथाम के लिए पुलिस गश्त, संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी और शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई की व्यवस्था मजबूत होनी चाहिए।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि महिलाओं और बेटियों को भयमुक्त वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने महिला अपराधों के मामलों में निष्पक्ष जांच, समयबद्ध कार्रवाई और दोषियों को कानून के अनुसार सजा दिलाने के साथ पीड़ित परिवारों को न्यायिक प्रक्रिया में आवश्यक सहयोग देने की मांग की।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस महिला सुरक्षा के मुद्दे को लगातार उठाती रहेगी और सरकार से महिला सुरक्षा व्यवस्था की जवाबदेही तय करने की मांग करती रहेगी।
हिन्दुस्थान समाचार / जगदीश पोखरियाल