भाजपा नेताओं ने अनुपूरक बजट को विकास और जनकल्याण के लिए महत्वपूर्ण बताया

 


देहरादून, 27 अक्टूबर (हि.स.)। उत्तराखंड विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए पेश 7,844.18 करोड़ रुपये के अनुपूरक बजट का भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने स्वागत करते हुए इसे प्रदेश के विकास, जनकल्याण और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया है। नेताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में तैयार बजट में किसानों, युवाओं, महिलाओं, जरूरतमंदों, स्वास्थ्य, शिक्षा और धार्मिक पर्यटन सहित विभिन्न क्षेत्रों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखा गया है।

भाजपा नेताओं के अनुसार, अनुपूरक बजट के बाद प्रदेश का कुल बजट आकार बढ़कर 1,19,547.39 करोड़ रुपये हो गया है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तीरथ सिंह रावत, केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल और सांसद अजय भट्ट ने बजट के विभिन्न प्रावधानों को विकास कार्यों में तेजी लाने वाला बताया।

प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता केवल बजट का आकार बढ़ाना नहीं, बल्कि संसाधनों का उपयोग प्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र और समाज के सभी वर्गों की जरूरतों के अनुरूप करना है। उन्होंने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने, युवाओं को शिक्षा एवं खेल के अवसर देने, महिलाओं के सशक्तीकरण और जरूरतमंदों की सामाजिक सुरक्षा के लिए किए गए प्रावधान सरकार की जनकल्याणकारी सोच को दर्शाते हैं।

भट्ट ने बताया कि धान और गेहूं की खरीद के लिए 1,100 करोड़ रुपये, बारानी कृषि के लिए 70 करोड़ रुपये, दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण योजना के लिए 20 करोड़ रुपये तथा किसान पेंशन योजना के लिए नौ करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। स्थानीय निकायों की राज्य के कर राजस्व में हिस्सेदारी 10.5 प्रतिशत से बढ़ाकर 12.5 प्रतिशत करने का प्रस्ताव भी स्थानीय विकास को मजबूती देगा।

उन्होंने कहा कि नीट, जेईई और क्लैट जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए मुख्यमंत्री युवा भविष्य निर्माण योजना के तहत पांच करोड़ रुपये, खिलाड़ियों के प्रशिक्षण शिविरों के लिए आठ करोड़ रुपये और खेल विश्वविद्यालय के लिए लगभग 35 करोड़ रुपये रखे गए हैं। भोजन माताओं के मानदेय के लिए 20 करोड़ रुपये, सक्षम आंगनबाड़ी एवं पोषण 2.0 के लिए लगभग 60 करोड़ रुपये तथा निराश्रित विधवा पेंशन के लिए करीब 27 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

भट्ट के अनुसार, अटल आयुष्मान योजना के लिए 100 करोड़ रुपये, कर्मचारियों के गोल्डन कार्ड के लिए 125 करोड़ रुपये तथा पिथौरागढ़ और रुद्रपुर के मेडिकल एवं नर्सिंग कॉलेजों के लिए लगभग 160 करोड़ रुपये रखे गए हैं। बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 500 करोड़ रुपये, जल जीवन मिशन के तहत बकाया भुगतान के लिए 300 करोड़ रुपये, गैरसैंण जलापूर्ति बांध परियोजना के लिए 122 करोड़ रुपये और जोशीमठ में भू-धंसाव से संबंधित कार्यों के लिए लगभग 48 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

उन्होंने बताया कि आगामी कुंभ मेले की व्यवस्थाओं के लिए करीब 290 करोड़ रुपये, हरिद्वार-गंगा कॉरिडोर के लिए 30 करोड़ रुपये और नंदा राजजात यात्रा के लिए 20 करोड़ रुपये रखे गए हैं। विद्यालयी एवं उच्च शिक्षा में डिजिटल लर्निंग के लिए 200 करोड़ रुपये तथा नए स्टेट डेटा सेंटर के निर्माण के लिए 40 करोड़ रुपये का प्रावधान भी किया गया है।

राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तीरथ सिंह रावत ने कहा कि बजट में प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों और समाज के सभी वर्गों की जरूरतों का ध्यान रखा गया है। उन्होंने पक्ष और विपक्ष से सदन में विस्तृत चर्चा के बाद बजट को अनुमोदित करने की अपेक्षा जताई।

केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा ने कहा कि बजट आधारभूत ढांचे को मजबूत करने और विभिन्न वर्गों के सशक्तीकरण में सहायक होगा। पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने किसानों, युवाओं, महिलाओं, स्वास्थ्य और पेयजल योजनाओं के लिए किए गए प्रावधानों का स्वागत किया।

राज्यसभा सांसद नरेश बंसल ने कहा कि बजट में किसानों की समृद्धि, युवाओं की शिक्षा एवं खेल, सामाजिक सुरक्षा और ग्रामीण क्षेत्रों के बुनियादी ढांचे पर ध्यान दिया गया है। सांसद अजय भट्ट ने भी स्वास्थ्य, पेयजल, ऊर्जा, डिजिटल शिक्षा और धार्मिक पर्यटन से संबंधित प्रावधानों को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि इनके प्रभावी क्रियान्वयन से प्रदेश में विकास कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय