धीमे विकास कार्यों पर नाराज हुए कुमाऊं कमिश्नर, बोले समय पर हर हाल में पूरे हों रोड और ड्रेनेज प्रोजेक्ट

 

हल्द्वानी , 14 जुलाई (हि.स.) जलभराव से स्थायी राहत दिलाने के लिए प्रस्तावित रोड और ड्रेनेज परियोजनाओं की समीक्षा करने पहुंचे कुमाऊं कमिश्नर एवं मुख्यमंत्री के सचिव दीपक रावत ने अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराज़गी जताई। करीब 200 करोड़ रुपये की लागत से 16 किलोमीटर क्षेत्र में प्रस्तावित विकास कार्यों की समीक्षा के साथ उन्होंने शहर के प्रमुख नालों का स्थलीय निरीक्षण कर जल निकासी व्यवस्था का जायजा लिया।समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने बताया कि के माध्यम से सड़क और ड्रेनेज सिस्टम को मजबूत करने के लिए करीब 200 करोड़ रुपये की परियोजनाएं प्रस्तावित हैं। निरीक्षण के दौरान दीपक रावत ने कार्यों की धीमी प्रगति पर कड़ी नाराज़गी व्यक्त करते हुए कहा कि जिस गति से काम होना चाहिए था, उस गति से परियोजनाएं आगे नहीं बढ़ रही हैं। उन्होंने विभागों के बीच समन्वय की कमी को भी विकास कार्यों में देरी का बड़ा कारण बताया।

आयुक्त ने वन विभाग, यूपीसीएल समेत सभी संबंधित विभागों को आपसी तालमेल के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी विभाग की अनुमति या प्रक्रिया विकास कार्यों में बाधा नहीं बननी चाहिए और सभी एजेंसियां समन्वय स्थापित कर तय समय सीमा के भीतर परियोजनाओं को पूरा करें।दीपक रावत ने जलभराव की समस्या को गंभीर बताते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि नवंबर 2028 से पहले हर हाल में सभी रोड और ड्रेनेज परियोजनाएं पूरी कर ली जाएं, ताकि बारिश के दौरान हल्द्वानी में जलभराव की समस्या से स्थायी राहत मिल सके और शहरवासियों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।

हिन्दुस्थान समाचार / अनुपम गुप्ता