भाजपा शासन में महिला सुरक्षा ध्वस्त : अंजू मिश्रा

 


हरिद्वार, 01 अप्रैल (हि.स.)। देशभर में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर बहस तेज हो गई है। हाल के वर्षों में कई ऐसे मामले सामने आए हैं जिनमें सत्तारूढ़ दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से जुड़े कुछ नेताओं और उनके करीबी लोगों पर महिलाओं के खिलाफ गंभीर अपराधों जैसे दुष्कर्म, यौन शोषण और उत्पीड़न के आरोप लगे हैं। इन मामलों को लेकर कांग्रेस ने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।

प्रेस क्लब में बुधवार काे पत्रकारों से वार्ता करते हुए महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष अंजू मिश्रा ने कहा कि उत्तराखंड में अपराध बढ़ते जा रहे हैं। हाल ही में देहरादून में एक सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर की हत्या सरकार की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। उत्तराखण कभी शांति, शिक्षा, पर्यटन के लिए जाना जाता था, आज उत्तराखंड अपराध व महिला उत्पीड़न के लिए जाना जाता है।

मधु किश्वर और सुब्रह्मण्यम स्वामी के आरोपों पर उन्होंने भाजपा पर हमला बोला। कहा कि गोवा, हिमाचल, हरियाणा में भाजपा नेताओं के कारनामे सामने आए हैं। केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चित जैफ्री एपस्टीन से जुड़े विवाद में सामने आने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हुई। कहा कि उन्होंने सार्वजनिक रूप से यह स्वीकार किया कि वे एपस्टीन से मिले थे, लेकिन इस मुद्दे पर संसद में कोई व्यापक बहस नहीं हुई। इसी बीच भाजपा के वरिष्ठ नेता सुब्रमण्यम स्वामी और लेखिका मधु किश्वर द्वारा पार्टी नेतृत्व और कार्यप्रणाली को लेकर उठाए गए सवालों ने भी राजनीतिक माहौल को गर्माया है। इन गंभीर मुद्दों पर सरकार की चुप्पी चिंता का विषय है।

उत्तराखंड में बढ़ते अपराधों पर चिंता

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड, जिसे “देवभूमि” के नाम से जाना जाता है, हाल के वर्षों में महिला अपराधों को लेकर सुर्खियों में रहा है। वर्ष 2022 में सामने आए अंकिता भंडारी हत्याकांड ने पूरे देश को झकझोर दिया था। यह घटना पौड़ी गढ़वाल के यमकेश्वर क्षेत्र में एक रिसॉर्ट में हुई, जिसमें कथित तौर पर प्रभावशाली लोगों की संलिप्तता की बात सामने आई थी। इस मामले को लेकर राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठे। विपक्ष का आरोप है कि जांच में निष्पक्षता की कमी रही, जबकि सरकार ने इन आरोपों को खारिज किया है।

अंजू मिश्रा ने कहा कि विभिन्न रिपोर्ट्स के अनुसार, उत्तराखंड में पिछले कुछ वर्षों में महिला अपराध के मामलों में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। हालांकि, इन आंकड़ों की व्याख्या को लेकर अलग-अलग पक्षों के बीच मतभेद हैंकृजहां विपक्ष इसे कानून-व्यवस्था की विफलता बता रहा है, वहीं सरकार बेहतर रिपोर्टिंग और जागरूकता को कारण मानती है।

इस अवसर पर महानगर अध्यक्ष अमन गर्ग ने भी अपने विचार व्यक्त किये। उन्होंने भी भाजपा सरकार पर निशाना साधा। प्रेस वार्ता के दौरान महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष अंजू मिश्रा, अंजू द्विवेदी, महानगर अध्यक्ष अमन गर्ग, नलिनी दीक्षित, ग्रेस कश्यप, रचना शर्मा, बिना जाटव, शशि त्यागी, देवरानी, मिथिलेश गिल, सुरेश कश्यप, हिमांशु राजपूत, उत्कर्ष वालिया मौजूद रहे।

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हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला