प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना : हर ग्राम को ‘गैप फिलिंग’ के लिए मिलेंगे 20 लाख

 


देहरादून, 23 अप्रैल (हि.स.)। प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत वर्ष 2025-26 के लिए जनपद में 50 प्रतिशत से अधिक अनुसूचित जाति आबादी वाले 14 गांवों का चयन किया गया है। योजना के अंतर्गत प्रत्येक ग्राम को ‘गैप फिलिंग’ कार्यों के लिए 20 लाख रुपये की धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे बुनियादी सुविधाओं के विकास को गति मिलेगी।

गुरुवार को प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत जनपद देहरादून के 14 चयनित गांवों के समग्र विकास को गति देने के लिए जिला स्तरीय अभिसरण समिति की बैठक मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह की अध्यक्षता में आयोजित की गई। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि योजनाओं की नियमित समीक्षा की जाए और तय समयसीमा में लक्ष्यों को पूरा किया जाए। साथ ही अधिकतम पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए जन-जागरूकता बढ़ाने पर भी बल दिया गया।

बैठक में जिला समाज कल्याण अधिकारी ने बताया कि अधिक अनुसूचित जाति आबादी वाले 14 गांवों में विकासखंड चकराता के 8, कालसी के 4 और विकासनगर के 2 गांव शामिल हैं। योजना के तहत प्रत्येक ग्राम को ‘गैप फिलिंग’ कार्यों के लिए 20 लाख रुपये की धनराशि प्रदान की जाएगी।

बैठक में पेयजल, स्वच्छता, ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन, विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में शौचालय निर्माण व मरम्मत, आंगनबाड़ी भवन निर्माण, सर्व-ऋतु सड़क और सोलर व स्ट्रीट लाइट की स्थापना जैसे कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए।

उरेडा के वरिष्ठ परियोजना अधिकारी के अनुसार वर्ष 2026-27 की जिला योजना में प्रत्येक चयनित गांव में 15 सोलर लाइट लगाने का प्रस्ताव है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में ऊर्जा सुविधा को मजबूत किया जा सके।

बैठक में जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपांकर घिल्डियाल, जिला कार्यक्रम अधिकारी जितेंद्र कुमार, जिला पंचायतराज अधिकारी मनोज नौटियाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और चयनित गांवों के ग्राम प्रधान उपस्थित रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश कुमार पांडेय