12 को राष्ट्रीय लोक अदालत, आपसी समझौते से मामलों का होगा त्वरित निस्तारण

 


नैनीताल, 11 सितंबर (हि.स.)। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशों के अनुपालन में उत्तराखंड उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति की ओर से शनिवार 12 सितंबर को उत्तराखंड उच्च न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इसका उद्देश्य लंबित मामलों और विवादों का आपसी समझौते एवं सुलह के माध्यम से त्वरित निस्तारण करना बताया गया है।

समिति की सचिव नेहा कुशवाहा ने बताया कि लोक अदालत में दीवानी और फौजदारी के शमनीय मामलों की सुनवाई होगी। इनमें शमनीय आपराधिक मामले, परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 के चेक बाउंस मामले, बैंक ऋण एवं वित्तीय विवाद, श्रम एवं रोजगार संबंधी मामले, बिजली-पानी के बकाये, पारिवारिक एवं वैवाहिक विवाद, भूमि अधिग्रहण एवं प्रतिकर, किराया, निषेधाज्ञा और मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण से जुड़े मामले शामिल हैं। आपसी समझौते योग्य अन्य दीवानी मामलों का भी निस्तारण किया जा सकेगा।

उन्होंने बताया कि लोक अदालत के माध्यम से मामलों का आपसी सहमति के आधार पर शीघ्र एवं अंतिम निस्तारण होने के साथ वादकारियों के समय और धन की बचत होती है। समझौते से दोनों पक्षों के बीच विवाद समाप्त होने के साथ न्यायालय शुल्क की वापसी का भी प्रावधान है। जो पक्षकार या अधिवक्ता शारीरिक रूप से उपस्थित नहीं हो सकते, वे उच्च न्यायालय की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध लिंक के माध्यम से वर्चुअल रूप से कार्यवाही में शामिल हो सकेंगे। समिति ने वादकारियों और अधिवक्ताओं से अपने मामलों को आगामी लोक अदालत में निस्तारण के लिए संबंधित पीठ के समक्ष समय से सूचीबद्ध कराने की अपील की है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / डॉ. नवीन चन्द्र जोशी