पौड़ी में उद्यमिता की चौपाल, युवाओं को मिला स्वरोजगार का संदेश
पौड़ी गढ़वाल, 21 अगस्त (हि.स.)। मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के तहत शुक्रवार को विकास भवन सभागार में उद्यमिता चौपाल आयोजित की गई। कार्यक्रम में युवाओं, महिलाओं और ग्रामीण उद्यमियों को स्वरोजगार के अवसरों के साथ सरकारी योजनाओं, प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता और बैंकिंग सुविधाओं की जानकारी दी गई। स्थानीय विधायक राजकुमार पोरी ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया और योजना के प्रचार-प्रसार रथ को हरी झंडी दिखाकर दूरस्थ विकासखंडों के लिए रवाना किया।
संसाधनों को उद्यमिता से जोड़कर रोजगार के नए अवसर पैदा किए जा सकते हैं। डेयरी, हर्बल उत्पाद, खाद्य प्रसंस्करण, मत्स्य पालन और काष्ठ उत्पादों के क्षेत्र में बड़ी संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों की बेहतर पैकेजिंग, प्रसंस्करण और मार्केटिंग के जरिए उन्हें बड़े बाजार तक पहुंचाया जा सकता है। उन्होंने युवाओं से नौकरी की तलाश तक सीमित न रहने और रोजगार देने वाले उद्यमी बनने का आह्वान किया। विधायक ने कहा कि स्वरोजगार के नए अवसर तैयार होने से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार बढ़ेगा और पलायन पर भी रोक लगाने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान देहरादून में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा पौड़ी जिले की महिला उद्यमियों पोखड़ा की दीपशिखा, कोट की लक्ष्मी देवी और यमकेश्वर की बीना देवी को सम्मानित किया गया। वहीं, विकास भवन में आयोजित कार्यक्रम में जिले के 16 उद्यमियों को भी सम्मानित किया गया।
मुख्य विकास अधिकारी अशोक जोशी ने कहा कि मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के माध्यम से उद्यम स्थापित करने के इच्छुक लोगों को एक ही मंच पर आवश्यक जानकारी और मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जा रहा है। प्रचार रथ के जरिए दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों तक योजना की जानकारी पहुंचाई जाएगी, ताकि अधिक से अधिक युवा, महिलाएं और छोटे उद्यमी इसका लाभ उठा सकें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना से जुड़ी जानकारी लेने वाले लोगों को आवेदन, प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता और बैंकिंग सुविधाओं के संबंध में समय पर मार्गदर्शन दिया जाए। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में उद्यमी मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / कर्ण सिंह