चातुर्मास स्थलों पर महकी आध्यात्म की खुशबू, ज्ञान की गंगा बही

 


जैन संतों-साध्वीवृंदों का विधिवत चातुर्मास प्रारंभ

जोधपुर, 28 जुलाई (हि.स.)। तप, जप, ज्ञान, ध्यान, आराधना-साधना का पारंपरिक आत्म कल्याण का चार माह का जैन धर्म का महान पर्व चातुर्मास शुरू हो गया है। इसके साथ ही सूर्यनगरी में विभिन्न स्थानों पर जैन धार्मिक स्थलों, मंदिरों और उपासरों में जैन संतों, मुनियों और साध्वीवृंदों चातुर्मासिक प्रवचन शुरू हो गए है।

श्री मुहताजी मंदिर तीर्थ में चातुर्मास के प्रथम दिवस साध्वी दिव्यप्रभाश्रीजी महाराज, सुयशाश्रीजी महाराज एवं साध्वी भाविकयशाश्रीजी महाराज का प्रवचन अत्यंत सारगर्भित एवं प्रेरणादायी रहा। साध्वी भाविकयशाश्रीजी महाराज ने प्रेरणा देते हुए कहा कि प्रवचनमाला के माध्यम से प्राप्त होने वाले धर्मोपदेशों को केवल सुनना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें अपने हृदय में उतारकर जीवन में धारण करना ही सच्ची साधना है। उन्होंने कहा कि यहां धर्म की गंगा प्रवाहित हो रही है। इस धर्मगंगा से कितना अमृत अपने जीवन में ग्रहण करना है तथा अपने जीवन को कितना पवित्र, संयमित एवं सार्थक बनाना है, यह प्रत्येक व्यक्ति के पुरुषार्थ एवं भावों पर निर्भर करता है।

ट्रस्ट के सचिव पवन मेहता ने बताया कि साध्वी भाविकयशाश्रीजी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि प्रत्येक श्रावक को चातुर्मास के इन चार महीनों का सदुपयोग करते हुए अपने आचरण, व्यवहार एवं जीवनशैली में धर्मानुकूल सकारात्मक परिवर्तन लाने का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह परिवर्तन केवल चातुर्मास तक ही सीमित न रहें, बल्कि जीवनभर हमारे संस्कार एवं चरित्र का अभिन्न अंग बन जाए।

ट्रस्ट के अध्यक्ष संजय मेहता ने धर्मसभा का संचालन करते हुए सभी श्रद्धालुओं का स्वागत किया तथा चातुर्मास के विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों की जानकारी साझा की। ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष सुरेश मुहता ने आगामी धर्मसभाओं एवं चातुर्मास के दौरान आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की रूपरेखा प्रस्तुत की। इस अवसर पर ट्रस्टी, गजेन्द्र मुहता, सुरेश मुहता, अजय मेहता, विजय कुमार मुहता, गौतम सिंधवी, नरेन्द्र लूंकड़ सहित नीलवर्ण पार्श्वनाथ मंडल एवं महिला मंडल की ओर से साध्वीश्री की गुरु वंदना की गई।

वहीं श्री साधुमार्गी जैन परम्परा के राष्ट्रीय सन्त आचार्य रामेश की आज्ञानुवर्तीनी साध्वियों का जोधपुर के चार विभिन्न क्षेत्रों में चातुर्मास 29 जुलाई से प्रारंभ होने जा रहा है।

पावटा बी मेन रोड स्थित कांकरिया भवन, जैन स्थानक में पर्यायज्येष्ठा साध्वी प्रभातश्री महाराज, शासन दीपिका साध्वी काव्ययशाश्री महाराज आदि ठाणा 5 का चातुर्मास, कमला नेहरु नगर प्रथम विस्तार, आचार्य नानेश मार्ग, स्थित समता भवन में शासन दीपिका साध्वी कुसुमकान्ता महाराज आदि ठाणा 4 का चातुर्मास, सरस्वती नगर ए सैक्टर स्थित जैन स्थानक स्वाध्याय भवन में शासन दीपिका साध्वी विकासश्री महाराज आदि ठाणा 6 का चातुर्मास एवं पाल रोड स्थित प्लॉट नम्बर 30, श्यामनगर, रूपनगर द्वितीय स्थित नवनिर्मित समता भवन में शासन दीपिका साध्वी कौमुदीश्री महाराज आदि ठाणा तीन का चातुर्मास कबुधवार से प्रारम्भ होने जा रहा है।

हिन्दुस्थान समाचार / सतीश