पांडुलिपि संरक्षण के अग्रदूत अगरचंद नाहटा की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि दी
बीकानेर, 13 जनवरी (हि.स.)। प्रख्यात साहित्यकार एवं पांडुलिपि संरक्षण के अग्रदूत अगरचंद नाहटा की पुण्यतिथि के अवसर पर आज अभय जैन ग्रन्थालय में श्रद्धांजलि सभा एवं उनके साहित्य, दुर्लभ हस्तलिखित पांडुलिपियों तथा पुस्तकों की भव्य प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।
प्रदर्शनी में नाहटा द्वारा रचित एवं संग्रहित अमूल्य साहित्य को प्रदर्शित किया गया, जिसे साहित्यकारों, शोधार्थियों एवं आम जन ने गहन रुचि से देखा। भारतीय प्राच्यविद्या को संरक्षित करने के लिए अगर चन्द नाहटा का त्याग और उनकी सफ़लता के पीछे उनके भतीजे भंवर नाहटा का त्याग अलौकिक व अद्वितीय है। अगरचन्द नाहटा ने जिनकृपाचन्द सूरि जी के सहयोग से अभय जैन ग्रन्थालय की स्थापना कर भारत की ज्ञान राशि का अलौकिक संग्रह किया।
श्रद्धांजलि सभा में इतिहासकार डॉ. रितेश व्यास, साहित्य प्रेमी सुधा आचार्य एवं राजस्थानी साहित्यकार गोरी शंकर प्रजापत ने अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने नाहटा के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उन्होंने न केवल साहित्य सृजन किया, बल्कि दुर्लभ पांडुलिपियों को संजोकर भारतीय ज्ञान परंपरा को सुरक्षित रखने का महत्वपूर्ण कार्य किया। वक्ताओं ने उनके जीवन को साहित्य एवं संस्कृति के प्रति समर्पित एक आदर्श जीवन बताया।
इस अवसर पर नाहटा के पड़-पौत्र एवं अभय जैन ग्रन्थालय के निदेशक ऋषभ नाहटा ने कहा कि आज अभय जैन ग्रन्थालय में पांडुलिपि संरक्षण एवं डिजिटलीकरण का जो कार्य हो रहा है, वह उनके द्वारा बोए गए संस्कारों और दृष्टि का ही परिणाम है। जयपुर से लिपि एवं पांडुलिपि विशेषज्ञ जयप्रकाश शर्मा ने वीडियो कॉल के माध्यम से जुड़ कर नाहटा जी के पांडुलिपि के क्षेत्र में उनके योगदान को सराहा। कार्यक्रम का संचालन लव कुमार देराश्री द्वारा किया गया।
मोहित बिस्सा ने बताया कि ज्ञान भारतम् मिशन, कला एवं संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा संचालित एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसके अंतर्गत अभय जैन ग्रन्थालय की प्राचीन पांडुलिपियों के संरक्षण, डिजिटलीकरण (डिजिटाइजेशन) एवं प्रकाशन का कार्य निरंतर किया जा रहा है जिससे पांडुलिपि संरक्षण एवं शोध कार्यों को नई गति मिली है।
कार्यक्रम में लक्ष्मीकांत उपाध्याय, नवरत्न चोपड़ा, जसवंत सिंह, वीरेंद्र, रामदेव ओझा ,गौरव आचार्य सहित अनेक साहित्यप्रेमी, विद्वान एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / राजीव