एसएमएस अस्पताल ने 2 हजार से अधिक मिनिमल इनवेसिव कार्डियक सर्जरी कर बनाया राष्ट्रीय कीर्तिमान

 


जयपुर, 10 जुलाई (हि.स.)। राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल सवाई मानसिंह (एसएमएस) अस्पताल ने हृदय रोग उपचार के क्षेत्र में नया राष्ट्रीय कीर्तिमान स्थापित किया है। अस्पताल के कार्डियो-थोरेसिक एंड वास्कुलर सर्जरी (सीटीवीएस) विभाग ने पिछले 15 वर्षों में दो हजार से अधिक मिनिमल इनवेसिव कार्डियक सर्जरी (एमआईसीएस) सफलतापूर्वक कर देश का पहला सरकारी अस्पताल बनने का गौरव हासिल किया है।

एसएमएस अस्पताल में मिनिमल इनवेसिव कार्डियक सर्जरी की शुरुआत वर्ष 2011-12 में की गई थी। तब से विभाग ने माइट्रल वाल्व रिप्लेसमेंट, एओर्टिक वाल्व रिप्लेसमेंट, डबल वाल्व रिप्लेसमेंट, कोरोनरी आर्टरी बाईपास ग्राफ्ट तथा जन्मजात हृदय रोगों से जुड़े दो हजार से अधिक जटिल ऑपरेशन सफलतापूर्वक किए हैं।

मिनिमल इनवेसिव कार्डियक सर्जरी आधुनिक हृदय शल्य चिकित्सा तकनीक है, जिसमें केवल दो से तीन इंच के छोटे चीरे से ऑपरेशन किया जाता है। इस प्रक्रिया में छाती की हड्डी (स्टर्नम) को काटने की आवश्यकता नहीं पड़ती, जबकि पारंपरिक ओपन हार्ट सर्जरी में बड़ा चीरा लगाकर हड्डी काटी जाती है। इस तकनीक से मरीजों को कम दर्द, कम रक्तस्राव, संक्रमण का कम खतरा और शीघ्र स्वास्थ्य लाभ मिलता है।

सीटीवीएस विभागाध्यक्ष डॉ. अनिल शर्मा ने बताया कि एसएमएस अस्पताल में इस सर्जरी के दौरान बाईपास प्रक्रिया सेंट्रल कैन्युलेशन तकनीक से की जाती है, जो अन्य चिकित्सा संस्थानों की तुलना में अधिक प्रभावी है। इस तकनीक में अतिरिक्त चीरा लगाने की आवश्यकता नहीं होती, जिससे मरीज की रिकवरी और अधिक तेज होती है। उन्होंने कहा कि यह सुविधा विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों के लिए अत्यंत लाभकारी साबित हो रही है, क्योंकि पहले इस प्रकार की सर्जरी केवल विदेशों अथवा चुनिंदा निजी अस्पतालों में ही उपलब्ध थी।

डॉ. शर्मा ने बताया कि वर्ष 2011-12 में इस तकनीक की शुरुआत उन्होंने की थी। इस उपलब्धि में प्रो. डॉ. सुनील दीक्षित, एसोसिएट प्रो. डॉ. मोहित शर्मा, डॉ. सौरभ मित्तल और डॉ. वक्ता राम चौधरी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। इसके अलावा कार्डियक एनेस्थीसिया विशेषज्ञ डॉ. रिमी मीना, कार्डियक परफ्यूजनिस्ट तथा नर्सिंग स्टाफ का भी उल्लेखनीय योगदान रहा।

एसएमएस मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य एवं नियंत्रक डॉ. दीपक माहेश्वरी ने पूरी टीम को बधाई देते हुए कहा कि सीटीवीएस विभाग द्वारा दो हजार से अधिक मिनिमल इनवेसिव कार्डियक सर्जरी सफलतापूर्वक पूरी करना सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि न केवल राजस्थान बल्कि देशभर के सरकारी चिकित्सा संस्थानों के लिए प्रेरणादायक है तथा अत्याधुनिक चिकित्सा सेवाओं को आमजन तक सुलभ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश