नया मानसूनी तंत्र बनने से जयपुर सहित आधा दर्जन शहरों में बारिश

 


जयपुर, 02 सितंबर (हि.स.)। प्रदेश में नया मानसूनी तंत्र सक्रिय होने से पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बुधवार को बारिश का दौर देखने को मिला। बुधवार को जयपुर सहित आधा दर्जन शहरों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। सबसे ज्यादा बारिश भरतपुर के रुपवास में 27 मिलीमीटर दर्ज की गई। बारिश का यह दौर पूर्वी राजस्थान में 7 सितम्बर तक जारी रह सकता है।

मौसम विभाग के अनुसार बुधवार को जयपुर, भरतपुर, करौली, धौलपुर सहित कुछ अन्य शहरों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। जयपुर में सुबह से हल्के से मध्यम बादल छाए रहे। दोपहर बाद काले घने बादल छाए और जयपुर के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश हुई। जयपुर में 7.6 मिमी बारिश दर्ज की गई। जयपुर में सांगानेर, जेएलएन मार्ग सहित कुछ अन्य हिस्सों में हल्की बारिश हुई। जयपुर के अधिकतम तापमान में 0.6 और न्यूनतम तापमान में 1 डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई। जयपुर का अधिकतम तापमान 34.8 और न्यूनतम तापमान 26.8 डिग्री दर्ज किया गया।

मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि पूर्वी राजस्थान के कुछ भागों में आगामी दिनों में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। वेल मार्क लो प्रेशर एरिया बुधवार को पश्चिमी झारखंड व आसपास के लगे उत्तर पूर्वी मध्य प्रदेश के ऊपर अवस्थित है। इसके आगामी 24 घंटों में धीरे-धीरे उत्तरी मध्यप्रदेश व दक्षिणी उत्तर प्रदेश की और आगे बढऩे की संभावना है। इसके प्रभाव से 2 सितंबर को भरतपुर व जयपुर संभाग में कहीं-कहीं हल्की मध्यम बारिश दर्ज की गई व शेष भागों में मौसम मुख्यत: शुष्क रहा। भरतपुर, जयपुर व कोटा संभाग व शेखावाटी क्षेत्र के कुछ भागों में 3 सितंबर को हल्की मध्यम बारिश होने की संभावना है। 4 से 7 सितंबर के दौरान भरतपुर, कोटा, जयपुर, अजमेर व उदयपुर संभाग के कुछ भागों में हल्की मध्यम बारिश देखने को मिलेगी। 4-5 सितंबर को कोटा संभाग व आसपास के जिलों में कहीं-कहीं मध्यम से भारी बारिश हो सकती है।

पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर, संभाग के अधिकांश भागों में आगामी दिनों में कमजोर मानसून परिस्थितियां जारी रहने की संभावना है। हालांकि 4 से 6 सितंबर के दौरान बीकानेर संभाग व शेखावाटी क्षेत्र के कुछ भागों में हल्की मध्यम बारिश होने की संभावना है। 8 सितंबर से राज्य के अधिकांश भागों में पुन: बारिश की गतिविधियों में कमी देखने को मिलेगी।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश