ईएमएमआरसी को दिए डिजिटल शिक्षा के विस्तार के मंत्र

 


जोधपुर, 13 जुलाई (हि.स.)। देश में डिजिटल शिक्षा के तेजी से बढ़ते दायरे के बीच कंसोर्टियम फॉर एजुकेशनल कम्युनिकेशन (सीईसी) के निदेशक प्रो. परिक्षितसिंह मनहास ने जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय के शैक्षिक मल्टीमीडिया अनुसंधान केंद्र (ईएमएमआरसी) को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप डिजिटल शिक्षण सामग्री विकसित करने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि ईएमएमआरसी को नवीन तकनीकों का अधिकतम उपयोग करते हुए विद्यार्थियों के लिए प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण और उपयोगी डिजिटल कंटेंट तैयार करना होगा तथा मूक पाठ्यक्रमों और व्यास चैनल के लिए शैक्षणिक कार्यक्रमों के निर्माण में उल्लेखनीय गति लानी होगी। यह विचार उन्होंने ईएमएमआरसी की 15वीं बोर्ड ऑफ मैनेजमेंट (बॉम) बैठक में व्यक्त किए। बैठक की अध्यक्षता बोर्ड चेयरमैन एवं जेएनवीयू के कुलगुरु प्रो. पवन कुमार शर्मा ने की।

प्रो. मनहास ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन में डिजिटल शिक्षा की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में ईएमएमआरसी जैसे संस्थानों को केवल कंटेंट निर्माण तक सीमित नहीं रहकर शिक्षा को अधिक सुलभ, आकर्षक और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में अग्रणी भूमिका निभानी होगी।

उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण ई-कंटेंट और आधुनिक डिजिटल संसाधन ही भविष्य की उच्च शिक्षा की सबसे बड़ी आवश्यकता हैं। बैठक में ईएमएमआरसी, जोधपुर द्वारा संचालित शैक्षणिक एवं तकनीकी गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की गई तथा भविष्य की कार्ययोजना पर विस्तार से विचार-विमर्श हुआ।

बैठक में उस्मानिया विश्वविद्यालय हैदराबाद के कुलपति एवं बोर्ड सदस्य प्रो. कुमार मोलूगारम, सीईसी के अकाउंट्स हेड मुकेश प्रसाद, जेएनवीयू के कार्यवाहक कुलसचिव प्रो. रामसिंह आढ़ा तथा ईएमएमआरस, जोधपुर के निदेशक एवं सदस्य सचिव प्रो. महिपालसिंह राठौड़ उपस्थित रहे। यूजीसी के डिप्टी सेक्रेटरी डॉ. निखिल कुमार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े।

बैठक में भाग लेने पहुंचे सीईसी निदेशक प्रो. परिक्षितसिंह मनहास ने कुलगुरु प्रो. पवन कुमार शर्मा, प्रो. कुमार मोलूगारम, मुकेश प्रसाद, प्रो. रामसिंह आढ़ा तथा प्रो. महिपालसिंह राठौड़ के साथ ईएमएमआरसी परिसर में पौधरोपण किया। इसके बाद उन्होंने सेंटर का विस्तृत अवलोकन किया तथा अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ बैठक कर विभिन्न प्रोडक्शन इकाइयों की जानकारी ली।

हिन्दुस्थान समाचार / सतीश