विश्व आयोडीन अल्पता विकार नियंत्रण दिवस आयोजित होंगी जन-जागरूकता गतिविधियां

 


जयपुर, 20 अक्टूबर (हि.स.)। विश्व आयोडीन अल्पता विकार नियंत्रण दिवस के अवसर पर बुधवार को जिले में जन-जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इनके माध्यम से आमजन को आयोडीन युक्त नमक के महत्व, उसकी उपलब्धता और नियमित उपयोग के प्रति जागरूक किया जाएगा। साथ ही आयोडीन की कमी से होने वाले स्वास्थ्य विकारों और उनकी रोकथाम के उपायों की जानकारी दी जाएगी।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जयपुर प्रथम डॉ. रवि शेखावत और जयपुर द्वितीय डॉ. मनीष मित्तल ने बताया कि शरीर के सामान्य विकास और थायरॉइड ग्रंथि के सुचारू संचालन के लिए आयोडीन आवश्यक पोषक तत्व है। इसकी कमी से घेंघा सहित कई स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं और बच्चों के लिए पर्याप्त आयोडीन का सेवन महत्वपूर्ण है।

उन्होंने बताया कि दिवस के तहत आयोजित गतिविधियों में आयोडीन की कमी से होने वाले विकारों, उनके लक्षणों और बचाव के उपायों की जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही लोगों को आयोडीन युक्त नमक के नियमित उपयोग और उसके उचित भंडारण के प्रति जागरूक किया जाएगा, ताकि भोजन में आयोडीन की पर्याप्त मात्रा बनी रहे।

स्वास्थ्य अधिकारियों ने आमजन से अपील की कि वे दैनिक आहार में आयोडीन युक्त नमक का उपयोग करें। नमक को नमी और गर्मी से बचाकर बंद डिब्बे में रखें तथा लंबे समय तक खुला न छोड़ें। जागरूकता और सही खानपान की आदतों से आयोडीन की कमी से होने वाले विकारों की रोकथाम में मदद मिल सकती है।

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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश