कुएं में गिरे किसान को निकालने उतरी टीम के तीन सांप देख कर उड़े होश, वन्य जीव प्रेमी की लेनी पड़ी मदद
चित्तौड़गढ़, 20 जून (हि.स.)। जिले के गंगरार थाना क्षेत्र में आने वाले मूंगा का खेड़ा गांव में शनिवार को कुएं में गिरे किसान को निकालने के लिए उतरी सिविल डिफेंस टीम के होश उस समय उड़ गए जब अंदर एक साथ तीन बड़े सांप दिखाई दिए। सिविल डिफेंस टीम ही हक्की बक्की रह गई और बिना शव को निकाले बाहर आ गई। बाद में वन विभाग को सूचना कर के चित्तौड़गढ़ वन्य जीव एवं पर्यावरण संरक्षण समिति के सदस्यों को बुलाया गया। समिति ने तीनों सांप को रेस्क्यू किया। बाद में सिविल डिफेंस के साथ युवक के शव को निकालने में भी मदद की। करीब 2 घंटे तक यह रेस्क्यू अभियान चला। किसान के शव को जिला चिकित्सालय पहुंचाया, जहां पोस्टमार्टम की कार्रवाई की गई।
गंगरार पुलिस थाने के एएसआई फूलचंद ने बताया कि मूंगा खेड़ा गांव निवासी कालू पुत्र रतन ने दीपक माहेश्वरी के खेत को सिजारी लिया था। शनिवार को यहां काम करने के दौरान परिवार के सदस्य भी आस-पास थे और ट्रैक्टर भी चल रहा था। कालू कीर पानी निकालने के लिए कुएं के पास गया। आशंका है कि संतुलन बिगड़ने के चलते वह कुएं में गिर गया। परिजनों की सूचना पर गंगरार थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हादसे जानकारी ली। बाद में शव को निकालने के लिए सिविल डिफेंस की टीम को बुलाया गया। सिविल डिफेंस की टीम कुएं में उतरी तो झाड़ियां होने के कारण काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। अंदर देखा तो तीन सांप नजर आए, जिसके बाद टीम बाहर आ गई। बाद में वन विभाग को इस बारे में सूचना दी गई। इस पर चित्तौड़गढ़ वन्य जीव एवं पर्यावरण संरक्षण समिति के सदस्य पीयूष कांबले, रामकुमार साहू, मुबारक खान व मयूर गोस्वामी मौके पर पहुंचे। इनमें से पीयूष कांबले और मुबारक दोनों ही कुएं में उतरे। इन्होंने पहले सांप को रेस्क्यू किया। बाद में सिविल डिफेंस एवं रेस्क्यू टीम के मुबारक ने कुएं में उतर कर शव को रस्सी से बांध कर बाहर निकाला। पुलिस ने शव को जिला चिकित्सालय की मोर्चरी में पहुंचाया। यहां परिजनों की रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज कर के शव का पोस्टमार्टम करवाया। रेस्क्यू के दौरान सिविल डिफेंस टीम के राजकुमार भोई, रमेश भोई, नारायण लाल, मुकेश कुमार भोई, कैलाशचंद्र वैष्णव, राजमल भोई, मुकेश भोई, रतनलाल भोई, हेमंत कुमार भोई, जगदीश भोई, पवन शर्मा, मदन लाल सालवी व मनीष कुमार राव की टीम शव रेस्क्यू करने पहुंची।
चित्तौड़गढ़ वन्य जीव एवं पर्यावरण संरक्षण समिति के मनीष तिवारी ने बताया कि वन विभाग से सूचना मिली थी। इसके बाद सदस्यों को मौके पर रेस्क्यू अभियान के लिए भेजा था। कुआं कच्चा और झाड़ियां होने के कारण रेस्क्यू अभियान खतरनाक था। टीम ने देखा कि कुएं में शव के साथ तीन सांप भी दिखाई दिए। मौके की स्थिति को देखते हुए सुरक्षा साधनों के साथ कुएं में उतरने का फैसला लिया गया। सांपों के रेस्क्यू के लिए मुबारिक खान और पीयूष कांबले रस्सी के सहारे कुएं में उतरे। तीनों सांपों को सुरक्षित तरीके से सावधानी पूर्वक रेस्क्यू कर लिया। इन सांप में दो इंडियन रेट स्नेक और एक कॉमन ट्रिंकेट स्नेक थे जो कि विषैले नहीं थे। इसके बाद युवक के शव को निकालने के लिए फिर से समिति के सदस्य मुबारिक खान सिविल डिफेंस टीम के साथ कुएं में उतरे। मौके पर ग्रामीणों के साथ गंगरार पुलिस, गंगरार वन मंडल के रेंजर, सिविल डिफेंस टीम, हिंदुस्तान जिंक की क्विक रिस्पांस टीम और चित्तौड़गढ़ वन्य जीव एवं पर्यावरण संरक्षण समिति के सदस्य मौजूद थे।
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हिन्दुस्थान समाचार / अखिल