सहकारी समितियों को उत्कृष्टता एवं श्रेष्ठता पुरस्कार-2025 प्रदान

 


जयपुर, 24 मार्च (हि.स.)। सहकारिता राज्य मंत्री गौतम कुमार दक ने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण में सहकारी क्षेत्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सहकारिता को प्राथमिकता देते हुए अधिक से अधिक लोगों को इससे जोड़ने और लाभान्वित करने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है।

कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में मंगलवार को राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम द्वारा आयोजित कार्यक्रम में मंत्री ने विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली सहकारी समितियों को ‘क्षेत्रीय उत्कृष्टता एवं श्रेष्ठता पुरस्कार-2025’ से सम्मानित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सहकारी आंदोलन आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक मजबूत आधार है और इससे देश में आर्थिक सशक्तीकरण को गति मिल रही है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा वर्ष 2021 में सहकारिता मंत्रालय का गठन कर अमित शाह को इसकी जिम्मेदारी सौंपे जाने के बाद देश में सहकारी क्षेत्र में व्यापक परिवर्तन देखने को मिला है।

सहकारिता के माध्यम से स्वदेशी और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिल रहा है।

गौतम कुमार दक ने कहा कि पुरस्कृत समितियां अन्य संस्थाओं के लिए प्रेरणा बनेंगी और सहकारिता का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि सहकारी समितियों में नए लोगों को कार्य करने का अवसर मिलना चाहिए, ताकि उनकी ऊर्जा और प्रतिभा का उपयोग क्षेत्र के विकास में हो सके।

कार्यक्रम में उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में सहकारी क्षेत्र को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है। हाल ही में आयोजित सदस्यता अभियान के तहत करीब नौ लाख नए सदस्य जोड़े गए हैं, जिससे सहकारी संस्थाओं का दायरा मजबूत हुआ है। वर्तमान में इस क्षेत्र में 120 से अधिक पहल संचालित की जा रही हैं।

इस अवसर पर किशनगढ़ क्रय-विक्रय सहकारी समिति के अध्यक्ष चेतन चौधरी ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के मार्गदर्शन में सहकारी क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ी है और किसानों को समर्थन मूल्य में वृद्धि का लाभ मिल रहा है। कार्यक्रम में एनसीडीसी के क्षेत्रीय निदेशक सुनील कुमार छापोला ने बताया कि उत्कृष्टता पुरस्कार के तहत ट्रॉफी, प्रमाण पत्र और 35 हजार रुपये तथा श्रेष्ठता पुरस्कार के तहत ट्रॉफी, प्रमाण पत्र और 25 हजार रुपये की राशि प्रदान की जाती है।

कार्यक्रम में सहकारिता विभाग, एनसीडीसी के अधिकारी, सहकारी समितियों के पदाधिकारी और सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

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हिन्दुस्थान समाचार / रोहित