टिकट वितरण पर कांग्रेस में बवाल: रोहित बोहरा के घर के बाहर धरने पर बैठे पूर्व अध्यक्ष तिवाड़ी

 


जयपुर, 31 अगस्त (हि.स.)। नगर निगम चुनाव में 150 वार्डों में टिकट वितरण के बाद कांग्रेस में विरोध के स्वर तेज हो गए हैं। टिकट से नाराज जयपुर शहर कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष आरआर तिवाड़ी सोमवार को जयपुर शहर प्रभारी रोहित बोहरा के आवास के बाहर सड़क पर बैठ गए। तिवाड़ी ने आरोप लगाया कि उनके विधानसभा क्षेत्र में उनसे बिना पूछे प्रत्याशी तय कर दिए गए। इससे पहले टिकट से नाराज कार्यकर्ताओं ने शहर कांग्रेस अध्यक्ष सुनील शर्मा के आवास के बाहर भी धरना दिया।

तिवाड़ी ने कहा कि उन्होंने अपने विधानसभा क्षेत्र से जिन नामों की सिफारिश की थी, उन्हें टिकट नहीं दिया गया। पहले सुनील शर्मा से बातचीत में करीब 15 वार्डों के प्रत्याशियों पर सहमति बनी थी, लेकिन अंतिम समय में बातचीत बंद कर दी गई। उन्होंने कहा कि दो दिन पहले प्रभारी महामंत्री रोहित बोहरा ने भी प्रत्याशियों को लेकर चर्चा की थी और सभी वार्डों में सहमति बनी थी। इसके बाद सुनील शर्मा ने फोन बंद कर दिया।

तिवाड़ी ने आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव में उन्हें हराने वाले लोगों को भी नगर निगम चुनाव में टिकट दिया गया है। उन्होंने वार्ड 146 में पप्पू कुरैशी को टिकट देने पर सवाल उठाया और आरोप लगाया कि एक अन्य वार्ड में कांग्रेस प्रत्याशी को हराने वाले निर्दलीय पार्षद को भी टिकट दिया गया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि वार्ड 146 से एआईएमआईएम समर्थक रहे ऐसे व्यक्ति को टिकट दिया गया है, जो कांग्रेस का प्राथमिक सदस्य तक नहीं है।

तिवाड़ी ने कांग्रेस विधायक रफीक खान और अमीन कागजी पर भी दूसरे विधानसभा क्षेत्रों में हस्तक्षेप कर अपने समर्थकों को टिकट दिलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विधायक पूरे विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं, किसी एक समुदाय का नहीं। दूसरे क्षेत्रों में इस तरह के हस्तक्षेप से स्थानीय संगठन और कार्यकर्ताओं में असंतोष बढ़ रहा है।

तिवाड़ी ने कहा कि वह लंबे समय से कांग्रेस के सिपाही हैं और पार्टी नहीं छोड़ेंगे। उन्होंने बताया कि 1978 में इंदिरा गांधी के समर्थन में जेल गए थे और उस समय उनकी उम्र 22 वर्ष थी। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं की पीड़ा सुनी जानी चाहिए। पिछले दो वर्षों में उन्होंने सरकार के खिलाफ धरने-प्रदर्शन किए और जयपुर में भाजपा के खिलाफ माहौल बनाने का काम किया, लेकिन टिकट वितरण से पार्टी को नुकसान हो सकता है।

तिवाड़ी ने यह भी सवाल उठाया कि प्रत्याशियों की आधिकारिक घोषणा अभी तक नहीं हुई है, ऐसे में सूची कौन जारी कर रहा है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं को यह तक पता नहीं चल रहा कि किसे पार्टी का सिंबल मिला है।

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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश