बोध-नशा उन्मूलन कार्यक्रम को लेकर एमओयू
जोधपुर, 16 सितम्बर (हि.स.)। नशे की बढ़ती समस्या के विरुद्ध जागरूकता, रोकथाम और नशा मुक्ति के प्रयासों को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान के बोध-नशा उन्मूलन कार्यक्रम ने भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के साथ नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत दो वर्ष के लिए समझौता ज्ञापन किया है।
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान की संयोजिका साध्वी ऋतंभरा भारती ने बताया कि यह साझेदारी देश में नशे की रोकथाम एवं नशा मुक्ति के प्रयासों को व्यापक स्तर पर मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
उन्होंने कहा कि बोध कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं सहित समाज के विभिन्न वर्गों में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा नशे से दूर रहने के लिए सकारात्मक एवं सशक्त वातावरण तैयार करने के प्रयास किए जाएंगे। इस अवसर पर साध्वी शिताभा भारती के साथ गौरव गुप्ता एवं गौरव सगर ने संस्थान का प्रतिनिधित्व किया।
यह समझौता नशे की रोकथाम, जन-जागरूकता और नशा मुक्ति से जुड़े प्रयासों को नई दिशा और गति प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इसके माध्यम से सरकारी प्रयासों और सामाजिक संस्थाओं की सहभागिता को और मजबूत करते हुए नशा मुक्त भारत के लक्ष्य को आगे बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।
हिन्दुस्थान समाचार / सतीश