निगम के पास नहीं एक्शन प्लान: नए परिसीमन के बाद शामिल गांवों में दीपावली पर अंधेरी रहेगी सड़क

 


जयपुर, 14 अक्टूबर (हि.स.)। नए परिसीमन के बाद निगम क्षेत्र में शामिल नए गांव-कस्बों की सड़क दीपावली पर अंधेरा की काली छाया नजर आएगी। निगम प्रशासन ने इन इलाकों की सड़कों को रोशनी से सरोबार करने के लिए फिलहाल कोई ठोस कार्य योजना नहीं बनाई है। हालांकि इस मामले को ध्यान में रखकर इन इलाकों से चुने गए पार्षदों ने निगम प्रशासन को पत्र लिखना शुरू कर दिया है। खास बात यह है कि अभी तक निगम बोर्ड की बैठक नहीं हुई है, ऐसे में नए कामों के लिए बजट सहित अन्य स्वीकृतियां फिलहाल नहीं मिल पाएंगी। चुनाव से पहले निगम का कार्य भार संभाल रहे प्रशासन ने भी निगम परिधि में शामिल इलाकों की सड़कों की मरम्मत,रोशनी सहित अन्य सुविधाओं को लेकर कोई योजना नहीं बनाई, इसका खामियाना इन इलाकों में रहने वाले लोगों को भुगतना पड़ रहा है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार 30 साल बाद नगर निगम की सीमा का विस्तार कर जयपुर, सांगानेर और आमेर उपखंड के 80 गांवों को शामिल किया गया है। इनमें सबसे ज्यादा 46 गांव सांगानेर उपखंड के हैं। जयपुर उपखंड के 26 और आमेर के 8 गांव को शहरी क्षेत्र में शामिल किया गया है। वर्तमान में ये सभी राजस्व गांव रिंग रोड की सीमा में आ रहे हैं। इन गांवों की करीब पौने दो लाख की आबादी शहरी क्षेत्र में शामिल हो गई है। वर्तमान में निगम में 150 वार्ड शामिल है।

निगम सीमा में शामिल गांवों के विकास पर महापौर सुनील कोठारी को ध्यान देने की जरुरत है। इसके लिए निगम प्रशासन को विशेष योजना बनाकर आमजन को सुविधाएं उपलब्ध करवाने की जरुरत है। वार्ड नंबर 1 में नींदड़ गांव, गुलाबो का फार्म, सरपंच की ढाणी, लौढ़ा की ढाणी और शास्त्री की ढाणी, वार्ड नंबर 25 और 26 में कालूवाला, निवारु रोड और आसपास के क्षेत्र शामिल किए गए है। निगम परिधि में सरना डूंगर, बावड़ी, मानशारामपुरा, हाथोज, बीड़ हाथोज, नारी का बास, माचवा, पीथावास, लालचंदपुरा, पिंडोलाई, साबरामपुरा, निवारू, बोयतावाला, मुहाना, मदऊ, बाढ मोहनपुरा, जगतश्रवणपुरा, पीपला भरत सिंह, मोहनपुरा, जगन्नाथपुरा, महासिंहपुरा, रटल्या, मनोहरियावाला, विधाणी, माथुरवाला, रामचंद्रपुरा, सालीग्रामपुरा, श्री किशनपुरा, विमलपुरा, जयचंदपुरा, दांतली, चतरपुरा, सिस्यावास, सुमेल गांव और रूपा की नांगल, गोनेर, बिलचाकला, लक्ष्मीपुरा, प्रहलादपुरा, श्रीराम की नांगल, आशावाला, बाड़श्योपुर, जयसिंहपुरा बास-बिलवा, खेड़ी गोकुलपुरा, बक्शावाला, श्योसिंहपुरा आदि गांव शामिल हुए है।

निगम एक्सईएन निधि जैन ने बताया कि उनके पास फिलहाल न तो बजट है और ना ग्रामीण इलाकों में सड़कों को रोशन करने को लेकर एक्शन प्लान। हालांकि उनका कहना है कि कुछ स्थानों पर पहले से जेडीए ने लाइट्स लगा रखी है और बाकी विकास कार्य भी जेडीए ही करवा रहा है। विशेष बात यह है कि जिन स्थानों पर जेडीए ने रोड लाइट्स लगाई थी और डीएलपी पीरियड़ में है वहां पर तो जेडीए लाइट्स की मरम्मत करवा रहा है, लेकिन जिनकी गारंटी अवधि समाप्त हो गई, वहां पर न तो जेडीए और न ही निगम उन रोड लाइट्स को सहीं करवा रहा है। निगम अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल यह रोड लाइट्स जेडीए ने निगम को हैंडओवर नहीं की है तो वो ही उन्हें सहीं करवाएगा।

10000 नई रोड लाइट्स लगाएगा निगम

दीपावली पर शहर की सड़कों को रोशनी से सरोबार करने के लिए निगम ने काम शुरू कर दिया है। निगम प्रशासन सड़कों पर खराब पड़ी रोड लाइट्स की मरम्मत का काम तेज कर दिया है तो वहीं जहां पर पोल है लेकिन लाइट्स नहीं है वहां पर नई लाइट्स लगाई जाएगी। पोल पर नई लाइट्स लगाने को लेकर 15 अक्टूबर से अभियान चलाया जाएगा। दीपावली से पूर्व निगम प्रशासन शहर में करीब 10000 नई रोड लाइट्स लगाएगा। इस काम लाखों रुपए खर्च किए जाएंगे।

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हिन्दुस्थान समाचार / राजेश