सागरः विस्फोटक गोदामों पर अचानक पहुंची सिटी मजिस्ट्रेट और पुलिस की टीम, दिए कड़े निर्देश

 


सागर, 16 मई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के सागर जिले में कलेक्टर प्रतिभा पाल के सख्त रुख और निर्देशों के बाद शनिवार को प्रशासनिक और पुलिस अमले ने शहर में संचालित विस्फोटक भण्डारकों और विक्रेताओं के ठिकानों पर ताबड़तोड़ औचक निरीक्षण किया। इस औचक कार्रवाई से विस्फोटक व्यवसायियों में हड़कंप मच गया।

कलेक्टर के आदेश पर सिटी मजिस्ट्रेट गगन बिसेन और नगर पुलिस अधीक्षक ललित कश्यप, भारी पुलिस बल के साथ मैदान में उतरे। संयुक्त टीम ने सागर शहर के विभिन्न हिस्सों में स्थित विस्फोटक गोदामों और दुकानों पर पहुंचकर सीधे जमीनी हकीकत का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक टीम ने केवल कागजी औपचारिकताएं नहीं निभाईं, बल्कि सुरक्षा से जुड़े हर छोटे-बड़े पहलू की बारिकी से जांच की। टीम द्वारा निम्न बिंदुओं का गहन परीक्षण किया गया कि गोदामों में तय सीमा से अधिक बारूद या विस्फोटक सामग्री तो नहीं रखी गई है। परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन निकासी के इंतजाम। आग बुझाने वाले सिलेंडरों की वर्किंग कंडीशन और उनकी एक्सपायरी डेट। वैधता संबंधी कागजात, स्टॉक रजिस्टर और आवक-जावक की अद्यतन प्रविष्टियां।

जनसुरक्षा से जुड़े इस बेहद संवेदनशील विषय में किसी भी प्रकार की कोताही या लापरवाही को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि भविष्य में नियमों का रत्ती भर भी उल्लंघन पाया गया, तो संबंधित संचालक के खिलाफ सीधे वैधानिक और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। — प्रशासनिक टीम, सागर

सिटी मजिस्ट्रेट गगन बिसेन और सीएसपी ललित कश्यप ने विस्फोटक अधिनियम के प्रावधानों का कड़ाई से पालन करने की हिदायत देते हुए सभी संचालकों को निम्न दिशा-निर्देश जारी किए कि गोदाम परिसर में लगे सभी सीसीटीवी कैमरे हर वक्त चालू (क्रियाशील) होने चाहिए ताकि हर गतिविधि पर नजर रखी जा सके। गोदाम के भीतर किसी भी अनाधिकृत (बाहरी) व्यक्ति का प्रवेश पूरी तरह वर्जित किया जाए। संवेदनशील क्षेत्रों और गोदामों की सुरक्षा के लिए ट्रेंड सुरक्षा गार्ड्स की तैनाती अनिवार्य रूप से की जाए। स्टॉक के नियमित संधारण और दैनिक आवक-जावक का हिसाब रजिस्टर में पूरी तरह पारदर्शी और अपडेटेड होना चाहिए।

सागर प्रशासन ने साफ कर दिया है कि यह औचक निरीक्षण अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य शहर को किसी भी संभावित हादसे से सुरक्षित रखना और नियमों का उल्लंघन करने वाले रसूखदारों पर नकेल कसना है।

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हिन्दुस्थान समाचार / मनीष कुमार चौबे