शहडोल: एंबुलेंस न मिलने से ऑटो में बच्ची को दिया जन्म, महिला की मौत
शहडोल, 14 जुलाई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के शहडोल जिले के जैतपुर थाना क्षेत्र में मंगलवार को 108 एंबुलेंस के देर से पहुंचने के कारण एक गर्भवती महिला की मौत के आरोप लगे है। समय पर सरकारी वाहन न मिलने पर परिजन महिला को ऑटो से अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उसने बच्ची को जन्म दे दिया। अस्पताल पहुंचने के कुछ देर बाद इलाज के दौरान महिला ने दम तोड़ दिया।
जानकारी के अनुसार, गलहथा गांव के मौहार टोला की रहने वाली 22 वर्षीय जयमंती को प्रसव पीड़ा होने पर परिजनों ने 108 एंबुलेंस को फोन किया था। आरोप है कि काफी देर तक एंबुलेंस नहीं आई। महिला की हालत बिगड़ती देख परिजन गांव से एक ऑटो का इंतजाम कर उसे जैतपुर अस्पताल के लिए लेकर रवाना हुए। रास्ते में ही जयमंती की डिलीवरी हो गई। अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने मां और नवजात बच्ची का इलाज शुरू किया, लेकिन कुछ ही देर में जयमंती की मौत हो गई। डॉक्टरों के अनुसार नवजात बच्ची पूरी तरह सुरक्षित है और उसका इलाज जारी है। घटना की जानकारी मिलने पर जैतपुर पुलिस अस्पताल पहुंची और शव का पोस्टमार्टम कराया।
जैतपुर थाना प्रभारी जयप्रकाश शर्मा ने बताया कि मृतका नवविवाहिता थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग यह पता लगा रहे हैं कि एंबुलेंस आने में देरी क्यों हुई और महिला की मौत की असल वजह क्या थी।
बीएमओ ने मानी एंबुलेंस आने में देरी की बात
बुढार के ब्लॉक के बीएमओ डॉ. सचिन कारकुर ने माना कि एंबुलेंस देर से पहुंची, जिसकी वजह से रास्ते में डिलीवरी हुई। उन्होंने बताया कि उप स्वास्थ्य केंद्र की एएनएम महिला की नियमित निगरानी कर रही थी और उसकी तीन जांचें हो चुकी थीं। बीच में कुछ दिनों के लिए महिला बाहर चली गई थी, जिससे कुछ जरूरी जांचें छूट गई थीं। मौत का असली कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही साफ होगा।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश शुक्ला