सुरखी में अधूरी नल-जल योजनाओं पर मंत्री सख्त, ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने की चेतावनी

 


सागर, 23 मई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के सुरखी विधानसभा क्षेत्र में अधूरी पड़ी नल-जल योजनाओं और पेयजल समस्याओं को लेकर कैबिनेट मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने अधिकारियों और ठेकेदारों पर सख्त नाराजगी जताई है। शनिवार को सागर कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में मंत्री ने स्पष्ट कहा कि जनता को शुद्ध और नियमित पेयजल उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

बैठक में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, जल निगम के अधिकारियों तथा निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधियों से मंत्री ने योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। इस दौरान सुरखी क्षेत्र के कई गांवों और कस्बों में अधूरी नल-जल योजनाएं, पाइपलाइन बिछाने के बाद क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत नहीं होने और अनियमित जलापूर्ति की शिकायतों पर विस्तार से चर्चा हुई।

मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि भीषण गर्मी के बीच ग्रामीणों को पानी के लिए परेशान होना पड़ा तो संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। उन्होंने सभी लंबित कार्य निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करने के निर्देश देते हुए निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।

उन्होंने चेतावनी दी कि घटिया निर्माण या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट किया जाएगा। साथ ही जिन सड़कों को पाइपलाइन डालने के लिए खोदा गया है, उन्हें तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि लोगों को आवागमन में परेशानी न हो।

मंत्री ने कंट्रोल रूम के माध्यम से प्राप्त पेयजल शिकायतों का निराकरण 24 से 48 घंटे के भीतर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनता की समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी।

बैठक में सागर कलेक्टर प्रतिभा पाल, जिला पंचायत सीईओ विवेक केवी, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग एवं जल निगम के वरिष्ठ अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / मनीष कुमार चौबे