रीवा: कल्पना मिश्रा मामले में धरना स्थल पहुंचे विधायक अभय मिश्रा हिरासत में, सिरमौर चौराहे पर पुलिस-प्रशासन से हुई बहस

 


रीवा, 17 सितंबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के रीवा में संजय गांधी अस्पताल में प्रसूता कल्पना मिश्रा और उनके नवजात बच्चे की मौत के मामले में गुरुवार को सिरमौर चौराहे पर उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जब सेमरिया से कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा समर्थकों के साथ धरना स्थल पर पहुंचे। यहां पहले से तैनात पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों से विधायक की काफी देर तक बहस हुई। इसके बाद पुलिस ने उन्हें मौके से हटाकर हिरासत में ले लिया। घटना के दौरान समर्थकों और पुलिस के बीच भी खींचतान की स्थिति बनी।

कांग्रेस विधायक के सिरमौर चौराहे पहुंचने के बाद उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि लोगों को वहां एकत्र होने से क्यों रोका जा रहा है। उन्होंने क्षेत्र में लागू प्रतिबंधों और प्रदर्शन की अनुमति को लेकर भी अधिकारियों से सवाल किए। इस दौरान एसडीएम अनुराग तिवारी समेत पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों से उनकी बहस हुई। अधिकारियों ने चौराहे पर भीड़ नहीं लगाने और वहां से हटने के लिए कहा। विधायक ने इसका विरोध किया। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उन्हें मौके से हटाया और हिरासत में लेकर वहां से ले गए। पुलिस कार्रवाई के दौरान समर्थकों ने भी विरोध किया।

पिता को धरना स्थल से हटाने के बाद पहुंचे थे विधायक

कल्पना मिश्रा के पिता रामशिरोमणि मिश्रा बेटी और नवजात की मौत के मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एफआईआर और कार्रवाई की मांग को लेकर बीती 2 सितंबर से सिरमौर चौराहे पर धरना दे रहे थे। लगातार अनशन के बाद तबीयत बिगड़ने पर बुधवार को पुलिस और प्रशासन की टीम उन्हें धरना स्थल से जिला अस्पताल ले गई। प्रशासन ने स्वास्थ्य और यातायात व्यवस्था का हवाला देते हुए यह कार्रवाई की थी। पिता को धरना स्थल से हटाए जाने के अगले दिन विधायक अभय मिश्रा समर्थकों के साथ वहां पहुंचे। विधायक का कहना था कि वे परिवार की मांगों के समर्थन में पहुंचे हैं और मामले में जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग जारी रखेंगे।

विधायक बोले- परिवार की मांग को लेकर आवाज उठाते रहेंगे

हिरासत में लिए जाने से पहले अभय मिश्रा ने कहा कि वे शुरुआत से ही कल्पना मिश्रा के परिवार के साथ खड़े हैं। उनका कहना था कि परिवार जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई और एफआईआर की मांग कर रहा है। विधायक ने प्रशासन की कार्रवाई पर भी सवाल उठाए और कहा कि वे इस मुद्दे को आगे भी उठाते रहेंगे।

26 अगस्त को हुई थी कल्पना और नवजात की मौत

गाैरतलब है कि कल्पना मिश्रा और उनके नवजात बच्चे की 26 अगस्त को संजय गांधी अस्पताल में मौत हुई थी। इसके बाद परिजनों ने अस्पताल में इलाज के दौरान लापरवाही का आरोप लगाते हुए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग शुरू की। मामले में प्रशासनिक स्तर पर जांच की प्रक्रिया भी चल रही है। इस मामले को लेकर विधायक अभय मिश्रा पहले भोपाल में भी प्रदर्शन कर चुके हैं। 9 सितंबर को उन्होंने भोपाल में मंत्रालय के सामने धरना दिया था, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया था।

धरना स्थल पर पुलिस बल तैनात

गुरुवार की घटना के बाद सिरमौर चौराहे पर पुलिस बल तैनात रहा। पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों और समर्थकों को भी हटाया। प्रशासन का कहना है कि मुख्य मार्ग पर बिना अनुमति प्रदर्शन और भीड़ के कारण यातायात एवं कानून-व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हो रही थी। वहीं, परिवार और विधायक की ओर से मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग जारी है।

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हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे