सावन सोमवार पर शिवमय हुई शिव की नगरी मंदसौर, पशुपतिनाथ मंदिर में उमड़ा आस्था का सैलाब

 


मंदसौर, 10 अगस्त (हि.स.)। सावन के दूसरे सोमवार को भगवान पशुपतिनाथ की नगरी मंदसौर शिव भक्ति में डूबी रही। विश्वप्रसिद्ध अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। मंदिर परिसर दिनभर हर-हर महादेव और भगवान पशुपतिनाथ के जयकारों से गूंजता रहा। इंद्रदेव भी श्रद्धालुओं की आस्था में सहभागी नजर आए और दिनभर रुक-रुककर बारिश होती रही।

भगवान पशुपतिनाथ मंदिर के पट सोमवार सुबह पांच बजे खोले गए। इसके साथ ही मंगला आरती हुई। आरती के बाद श्रद्धालुओं के लिए दर्शन शुरू कर दिए गए। सुबह छह बजे तक मंदिर परिसर में भक्तों की लंबी कतारें लग गई थीं। समय के साथ श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती गई और दूर-दराज से पहुंचे भक्तों ने भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन कर पूजा-अर्चना की।

श्रद्धालुओं ने भगवान पशुपतिनाथ का जलाभिषेक, दुग्धाभिषेक, रुद्राभिषेक और मनोकामना अभिषेक किया। भक्तों ने बेलपत्र, धतूरा सहित अन्य पूजन सामग्री अर्पित कर विधि-विधान से पूजा की। भगवान से मनोकामना पूर्ण होने की प्रार्थना करते हुए श्रद्धालुओं ने आशीर्वाद लिया।

गर्भगृह में प्रवेश रहा प्रतिबंधित

सावन सोमवार पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंधित रखा गया। भक्तों को कतारबद्ध कर बाहर से ही भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन कराए गए। श्रद्धालुओं के मंदिर में प्रवेश से लेकर बाहर निकलने तक विशेष व्यवस्थाएं की गईं।

मंदिर में दिनभर विभिन्न धार्मिक आयोजन हुए। दोपहर में विशेष पूजा-अर्चना और महाआरती का आयोजन किया गया, जबकि शाम को संध्या आरती के साथ शिव भजन और कीर्तन हुआ। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने धार्मिक आयोजनों में शामिल होकर भगवान शिव की आराधना की।

शयन आरती के बाद बंद हुए मंदिर के पट

दिनभर चले पूजा-पाठ और धार्मिक आयोजनों के बाद रात में शयन आरती की गई। इसके बाद निर्धारित समय पर मंदिर के पट बंद कर दिए गए। इस तरह सावन सोमवार को सुबह मंगला आरती से शुरू हुआ भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन और पूजन का सिलसिला शयन आरती के साथ संपन्न हुआ।

श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रबंध समिति की ओर से व्यापक व्यवस्थाएं की गई थीं। मंदिर परिसर में वर्षा से बचाव के लिए जलरोधक तंबू लगाए गए। इसके साथ ही विद्युत, स्वास्थ्य और सुरक्षा संबंधी इंतजाम किए गए थे। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आने-जाने वाले मार्गों पर कालीन भी बिछाई गई थी।

जिलेभर के शिवालयों में भी उमड़ी आस्था

सावन के दूसरे सोमवार के अवसर पर मंदसौर शहर के साथ ही जिलेभर के शिव मंदिरों में भी विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन किए गए। सुबह से ही शिवालयों में श्रद्धालुओं की भीड़ रही। भक्तों ने भगवान शिव का अभिषेक कर बेलपत्र, धतूरा और पुष्प अर्पित किए तथा परिवार की सुख-समृद्धि और मनोकामना पूर्ण होने की प्रार्थना की।

हिन्दुस्थान समाचार / अशोक झलोया