बिना अनुमति कोई कॉलोनी विकसित न हो, कलेक्टर ने नगरीय निकायों को दिए निर्देश

 


आगरमालवा, 18 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश के आगरमालवा जिले में अवैध कॉलोनियों के विकास पर रोक लगाने और वैध कॉलोनियों में नागरिक सुविधाएं सुनिश्चित करने के लिए कलेक्टर डॉ. शेरसिंह मीना ने नगरीय निकायों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी क्षेत्र में बिना अनुमति कॉलोनी विकसित नहीं होनी चाहिए। कॉलोनी निर्माण से पहले सभी आवश्यक अनुमतियां प्राप्त करना अनिवार्य रूप से सुनिश्चित किया जाए।

कलेक्टर ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जिला स्तरीय कॉलोनी सेल की बैठक में जिले में विकसित वैध एवं अवैध कॉलोनियों की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने सभी नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों से उनके क्षेत्र में चिन्हित वैध और अवैध कॉलोनियों की संख्या की जानकारी ली। साथ ही अवैध कॉलोनियों को वैध किए जाने के संबंध में अब तक की गई कार्रवाई और नागरिक सुविधाओं के लिए किए जा रहे कार्यों की भी समीक्षा की।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन अवैध कॉलोनियों को नियमानुसार वैध किया जा सकता है, उनके नियमितीकरण की प्रक्रिया में आवश्यक कार्रवाई समयबद्ध रूप से पूरी की जाए। कलेक्टर ने कहा कि अवैध कॉलोनियों को नियमों के तहत वैध किए जाने से जहां रहवासियों को सड़क, पानी, नाली सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने का रास्ता साफ होगा, वहीं नगरीय निकायों के राजस्व में भी वृद्धि होगी और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।

डॉ. मीना ने वैध कॉलोनियों में विकास कार्यों और आवश्यक नागरिक सुविधाओं की उपलब्धता पर भी विशेष जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि स्वीकृत कॉलोनियों में निर्धारित विकास कार्य और मूलभूत सुविधाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाएं, ताकि रहवासियों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। बैठक में अपर कलेक्टर डॉ. शालिनी श्रीवास्तव, एसडीएम मिलिंद ढोके सहित सभी तहसीलदार और नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी उपस्थित रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / रितेश शर्मा