मप्रः राष्ट्रीय एकता दिवस के उपलक्ष्य में महाविद्यालयों में होगा ‘जन सुरक्षा युवा सृजन संवाद’

 


- युवाओं को कानूनी जागरूकता, महिला एवं बाल सुरक्षा, साइबर अपराध, नशे से दूरी और यातायात सुरक्षा के प्रति किया जाएगा जागरूक

भोपाल, 22 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश पुलिस की सामुदायिक पुलिस शाखा द्वारा उच्च शिक्षा विभाग के सहयोग से राष्ट्रीय एकता दिवस के उपलक्ष्य में प्रदेशभर के महाविद्यालयों में ‘जन सुरक्षा युवा सृजन संवाद’ आयोजित किया जा रहा है। अक्टूबर माह के अंतिम सप्ताह में जिला मुख्यालयों के प्रमुख महाविद्यालयों में आयोजित होने वाली इन कार्यशालाओं के माध्यम से विद्यार्थियों को कानून, सुरक्षा और सामाजिक उत्तरदायित्व से जुड़े विभिन्न विषयों की जानकारी दी जाएगी।

पुलिस मुख्यालय द्वारा गुरुवार को जानकारी दी कि अभियान का उद्देश्य युवाओं को जिम्मेदार नागरिकता की भावना से जोड़ना तथा उन्हें स्वयं एवं समाज की सुरक्षा में सक्रिय सहभागी बनाना है।

इस अभियान के प्रभावी संचालन के लिए गुरुवार को भोपाल में ट्रेनिंग ऑफ ट्रेनर्स (टीओटी) कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें प्रदेश के महाविद्यालयों से दो-दो प्रतिनिधियों को आमंत्रित कर प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण के दौरान सामुदायिक सहभागिता से संबंधित विभिन्न विषयों पर विद्यार्थियों के साथ संवाद एवं कार्यशालाएं संचालित करने के लिए प्रतिनिधियों का क्षमता वर्धन किया गया। प्रशिक्षित प्रतिनिधि अब अपने-अपने महाविद्यालयों में विद्यार्थियों के साथ जन सुरक्षा संवाद आयोजित करेंगे।

सुरक्षा से जुड़े विभिन्न विषयों पर दी जाएगी जानकारी

‘जन सुरक्षा युवा सृजन संवाद’ के अंतर्गत विद्यार्थियों को संवैधानिक एवं मानवाधिकार संबंधी विषय, कानूनी जागरूकता, महिला एवं बाल सुरक्षा, जेंडर आधारित हिंसा की रोकथाम, नशे से दूरी, साइबर अपराध से बचाव, यातायात सुरक्षा सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी जाएगी। विद्यार्थियों को यह भी बताया जाएगा कि आवश्यकता पड़ने पर उपलब्ध कानूनी प्रावधानों एवं पुलिस सेवाओं का उपयोग कर वे अपनी तथा दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में किस प्रकार योगदान दे सकते हैं।

थानों एवं डायल-112 की कार्यप्रणाली से भी रूबरू होंगे विद्यार्थी

कार्यशालाओं के साथ विद्यार्थियों को पुलिस की कार्यप्रणाली से प्रत्यक्ष रूप से परिचित कराने के लिए पुलिस थानों का भ्रमण भी कराया जाएगा। विद्यार्थियों को थाने की विभिन्न व्यवस्थाओं एवं पुलिस की कार्यप्रणाली की जानकारी दी जाएगी। साथ ही डायल-112 सेवा के माध्यम से सूचना प्राप्त होने के बाद फर्स्ट रिस्पॉन्डर द्वारा घटनास्थल पर पहुंचकर की जाने वाली कार्रवाई की प्रक्रिया से भी अवगत कराया जाएगा।

31 अक्टूबर तक जिलों में पूर्ण होगा प्रथम चरण

सामुदायिक पुलिस शाखा द्वारा सभी जिलों को निर्देशित किया गया है कि राष्ट्रीय एकता दिवस 31 अक्टूबर की पूर्व संध्या तक जिला मुख्यालयों पर निर्धारित कार्यशालाओं का आयोजन पूर्ण किया जाए। कार्यक्रम के लिए प्रत्येक जिले में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक को नोडल अधिकारी तथा संबंधित जिला मुख्यालय के महाविद्यालय के प्राचार्य को प्रभारी अधिकारी बनाया गया है। पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में कार्यशालाओं का आयोजन किया जाएगा। जिला मुख्यालय के महाविद्यालयों के साथ-साथ अन्य महाविद्यालयों में भी चरणबद्ध रूप से कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर 31 अक्टूबर को अभियान के प्रथम चरण का समापन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। ‘जन सुरक्षा युवा सृजन संवाद’ को प्रभावी बनाने में उल्लेखनीय योगदान देने वाले प्राध्यापकों एवं पुलिस अधिकारियों को प्रशस्ति-पत्र एवं सम्मान प्रदान किया जाएगा। युवाओं को सुरक्षा एवं सामाजिक उत्तरदायित्व के प्रति प्रेरित करने में प्रभावी भूमिका निभाने वाले प्रतिनिधियों को विशेष रूप से सम्मानित किया जाएगा। इस अवसर पर विद्यार्थियों को नशे से दूरी, साइबर अपराध की रोकथाम तथा जिम्मेदार मतदान सहित जिम्मेदार नागरिकता से जुड़े विषयों पर शपथ भी दिलाई जाएगी।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर