मध्य प्रदेश में प्री-मानसून का जोर, 45 जिलों में आज भी आंधी-बारिश का अलर्ट
तेज आंधी-बारिश से जनजीवन प्रभावित, भोपाल में 80 पेड़ गिरे, देवास में रपटे से बही कार
भोपाल, 05 जून (हि.स.)। मध्य प्रदेश में मानसून की आधिकारिक दस्तक से पहले ही प्री-मानसून गतिविधियां पूरे प्रदेश में जोर पकड़ चुकी हैं। गुरुवार शाम राजधानी भोपाल सहित कई जिलों में तेज आंधी और बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया। भोपाल में करीब 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली आंधी के कारण लगभग 80 पेड़ और उनकी टहनियां सड़कों पर गिर गईं, जिससे कई प्रमुख मार्गों पर यातायात बाधित रहा और लंबा ट्रैफिक जाम लग गया। कुछ क्षेत्रों में ओलावृष्टि भी दर्ज की गई।
वहीं, देवास जिले में बारिश के बीच बड़ा हादसा टल गया। मसुरिया-भंडारिया मार्ग पर एक कार रपटे से बह गई। कार में सवार चार लोगों ने समय रहते बाहर कूदकर अपनी जान बचाई। झाबुआ में शुक्रवार सुबह तेज बारिश हुई, जबकि सीहोर, रायसेन और अन्य जिलों में भी मौसम ने करवट ली। बारिश और ठंडी हवाओं के चलते लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है।
45 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने शुक्रवार को भोपाल, इंदौर सहित प्रदेश के करीब 45 जिलों में आंधी और बारिश की संभावना जताई है। कई क्षेत्रों में 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, श्योपुर, शिवपुरी, अशोकनगर, सागर और दमोह जिलों के लिए तेज आंधी का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, धार, अलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, शाजापुर, देवास, रतलाम, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, दतिया, मुरैना, भिंड, जबलपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, नरसिंहपुर, बालाघाट, मंडला, पांढुर्णा, सतना, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में भी मौसम के तेवर बदले रहेंगे।
सिर्फ सात शहरों में 40 डिग्री से ऊपर तापमान
प्री-मानसून गतिविधियों के असर से गुरुवार को प्रदेश के अधिकांश शहरों का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। केवल सात शहरों में तापमान 40 डिग्री से अधिक रहा। सबसे अधिक तापमान नौगांव में 42.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा खजुराहो में 41.4 डिग्री, खरगोन में 41 डिग्री, दतिया में 40.8 डिग्री, ग्वालियर में 40.5 डिग्री, नरसिंहपुर में 40.4 डिग्री और खंडवा में 40.1 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। राजधानी भोपाल में 37.4 डिग्री, इंदौर में 38.4 डिग्री तथा उज्जैन और जबलपुर में 39 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा।
20 से 22 जून के बीच प्रदेश में पहुंच सकता है मानसून
मौसम विभाग के अनुसार इस वर्ष मध्यप्रदेश में मानसून सामान्य तिथि से 5 से 7 दिन की देरी से पहुंच सकता है। प्रदेश में मानसून के प्रवेश की सामान्य तिथि 15 जून मानी जाती है, लेकिन इस बार इसके 20 से 22 जून के बीच दस्तक देने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक केरल में मानसून पहुंचने के लगभग 15 दिन बाद यह मध्य प्रदेश में प्रवेश करता है। इस वर्ष केरल में मानसून 4 जून को पहुंच चुका है। ऐसे में अगले दो सप्ताह के भीतर प्रदेश में भी मानसून सक्रिय होने के संकेत हैं।
अगले चार दिन राहत भरा रहेगा मौसम
मौसम विभाग का अनुमान है कि प्रदेश में अगले चार दिनों तक आंधी, बारिश और बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। इससे तापमान में गिरावट का दौर जारी रहेगा और लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिलती रहेगी। फिलहाल प्री-मानसून की सक्रियता ने पूरे प्रदेश का मौसम सुहाना बना दिया है।
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हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे