मप्र: मूंग खरीदी, फसल बीमा, खाद संकट और किसानों के मुद्दों पर कांग्रेस ने सरकार को घेरा
'किसान कल्याण वर्ष नहीं, किसान प्रताड़ना वर्ष मना रही है सरकार': कुणाल चौधरी
भोपाल, 27 जुलाई (हि.स.)। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक कुणाल चौधरी ने सोमवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में मध्य प्रदेश के किसानों की स्थिति, मूंग खरीदी, फसल बीमा, खाद उपलब्धता और कृषि संबंधी अन्य मुद्दों को लेकर केंद्र और राज्य की भाजपा सरकारों पर कई आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार किसान कल्याण वर्ष मनाने का दावा कर रही है, जबकि किसानों को विभिन्न समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
कुणाल चौधरी ने दावा किया कि प्रदेश में इस वर्ष लगभग 20 लाख मीट्रिक टन मूंग का उत्पादन हुआ, जबकि सरकार ने 4.5 लाख मीट्रिक टन खरीदी का लक्ष्य तय किया है। उनका आरोप था कि खरीदी की गति धीमी होने से किसान समर्थन मूल्य का लाभ नहीं ले पा रहे हैं और उन्हें कम कीमत पर उपज बेचने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे बिचौलियों को लाभ पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी द्वारा मूंग उत्पादक क्षेत्रों का दौरा किए जाने के बाद राज्य सरकार ने केंद्र से खरीदी का कोटा बढ़ाने का अनुरोध किया था। चौधरी के अनुसार, केंद्र ने यह कहते हुए कोटा बढ़ाने से इनकार किया कि राज्य सरकार उपलब्ध कोटे की खरीदी ही पूरी नहीं कर सकी है। उन्होंने इसे केंद्र और राज्य सरकार के बीच समन्वय की कमी बताते हुए कहा कि इसका नुकसान किसानों को उठाना पड़ रहा है।
कांग्रेस विधायक ने गेहूं खरीदी, मक्का के दाम और केले की फसल को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। उनका आरोप था कि किसानों को घोषित समर्थन मूल्य का अपेक्षित लाभ नहीं मिला और कई फसलों के बाजार भाव एमएसपी से काफी नीचे रहे। खाद संकट का मुद्दा उठाते हुए चौधरी ने आरोप लगाया कि किसानों को यूरिया प्राप्त करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है तथा उन्हें अन्य उर्वरक खरीदने के लिए भी बाध्य किया जा रहा है। उन्होंने फसल बीमा योजना की भी आलोचना करते हुए दावा किया कि किसानों से वसूले गए प्रीमियम की तुलना में मुआवजे का भुगतान काफी कम हुआ है, जिससे बीमा कंपनियों को अधिक लाभ हुआ।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि किसानों के हितों से जुड़े मुद्दों पर अपेक्षित कदम नहीं उठाए गए। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों के आंदोलन को रोकने के लिए सरकार ने पुलिस कार्रवाई का सहारा लिया, जो लोकतांत्रिक अधिकारों के विपरीत है। चौधरी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से किसानों के मुद्दों पर जवाब देने की मांग करते हुए कहा कि यदि समर्थन मूल्य पर मूंग की खरीदी सुनिश्चित नहीं की गई तो कांग्रेस और किसान संगठन प्रदेशभर में आंदोलन करेंगे।
पत्रकार वार्ता में प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता राहुल राज ने भी आरोप लगाया कि सरकार किसानों की समस्याओं के समाधान के बजाय आंदोलन को रोकने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि विभिन्न जिलों से भोपाल आ रहे किसानों को रास्ते में रोका गया और उनके साथ सख्ती बरती गई। उन्होंने सरकार से किसानों के साथ संवाद कर उनकी समस्याओं का समाधान करने की मांग की।
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हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे