मप्र विधानसभा में आज से विधायकों की डिजिटल ट्रेनिंग, 30 अक्टूबर तक चलेगा कार्यक्रम
-नेवा एप से ऑनलाइन प्रश्न, ध्यानाकर्षण और याचिकाएं लगाने की मिलेगी जानकारी,ओएसडी और निजी सहायक भी होंगे शामिल
भोपाल, 28 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश विधानसभा को डिजिटल और पेपरलेस बनाने की दिशा में आज (बुधवार) से तीन दिवसीय ई-विधान प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हो रहा है। 28 से 30 अक्टूबर तक चलने वाले इस कार्यक्रम में विधायकों को नेशनल ई-विधान एप्लीकेशन (नेवा-NEVA) के इस्तेमाल और डिजिटल माध्यम से विधायी कार्य करने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर दोपहर 12 बजे कार्यक्रम का उद्घाटन करेंगे।
‘एक राष्ट्र, एक एप्लीकेशन’ की अवधारणा के तहत आयोजित प्रशिक्षण में विधायकों को सदन की कार्यवाही से जुड़ी विभिन्न प्रक्रियाओं को ऑनलाइन पूरा करने की जानकारी दी जाएगी। इसमें प्रश्न लगाने, प्रश्नों के उत्तर देखने और अन्य विधायी सूचनाओं तक डिजिटल माध्यम से पहुंचने की प्रक्रिया शामिल है। विधायकों के साथ उनके कामकाज में सहयोग करने वाले विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी (ओएसडी) और निजी सहायकों को भी प्रशिक्षण दिया जाएगा।
पांच बैच में होगा प्रशिक्षण
प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए विधायकों को पांच बैच में बांटा गया है। प्रत्येक बैच में 50 विधायकों को शामिल करने की व्यवस्था की गई है। अलग-अलग बैच के माध्यम से विधायकों और उनके सहयोगी स्टाफ को नेवा एप्लीकेशन के उपयोग की व्यावहारिक जानकारी दी जाएगी। तीन दिनों तक चलने वाले इस कार्यक्रम में डिजिटल विधायी कार्यप्रणाली और ऑनलाइन प्रश्न-उत्तर प्रणाली पर विशेष जोर रहेगा।
प्रश्न, ध्यानाकर्षण और याचिकाएं ऑनलाइन लगाने की सुविधा
नेवा के माध्यम से विधायक प्रश्न, ध्यानाकर्षण सूचनाएं, स्थगन प्रस्ताव से संबंधित सूचनाएं, संकल्प और याचिकाएं डिजिटल रूप से प्रस्तुत कर सकेंगे। इसके अलावा सदन की कार्यसूची, प्रश्नों के उत्तर, विधेयक और अन्य विधायी दस्तावेजों को भी डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। विधायक पुराने प्रश्नों और सदन की कार्यवाही से संबंधित जानकारियां भी ऑनलाइन देख सकेंगे।
इस व्यवस्था से विधायकों को विधायी कामकाज के लिए दस्तावेजों की उपलब्धता और सूचनाओं तक पहुंच आसान बनाने में मदद मिलेगी। साथ ही प्रश्न लगाने और सदन की कार्यवाही से जुड़ी प्रक्रियाओं को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर संचालित करने का विकल्प मिलेगा।
कागजी कार्यवाही कम करने पर जोर
ई-विधानसभा प्रशिक्षण का उद्देश्य विधायकों को तकनीक आधारित कार्यप्रणाली से परिचित कराना है, ताकि सदन के कामकाज में डिजिटल माध्यमों का अधिक उपयोग किया जा सके। नेवा के प्रभावी इस्तेमाल से कागजी दस्तावेजों पर निर्भरता कम करने, विधायी सूचनाओं को व्यवस्थित रखने और कार्यवाही से जुड़ी जानकारी तक पहुंच आसान बनाने में मदद मिल सकती है। विधायकों के साथ ओएसडी और निजी सहायकों को प्रशिक्षण में शामिल करने से डिजिटल प्रक्रियाओं के इस्तेमाल में सहयोग मिलने की उम्मीद है। तीन दिवसीय कार्यक्रम के बाद विधानसभा की विधायी प्रक्रियाओं में नेवा के उपयोग को बढ़ावा देने पर जोर रहेगा।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे