तिल्लौरखुर्द के तालाब को नर्मदा पाइपलाइन से भरने का प्रयास किया जाएगाः मंत्री सिलावट
- विधायक मधु वर्मा ने तालाब को नर्मदा जल से भरने के लिए जल संसाधन मंत्री को सौंपा पत्र
इंदौर, 17 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट ने कहा कि इंदौर जिले के ग्राम तिल्लौरखुर्द स्थित प्राचीन तालाब को नर्मदा पाइपलाइन के माध्यम से भरने का प्रयास किया जाएगा। इससे क्षेत्र में जल उपलब्धता बढ़ाने के साथ किसानों को सिंचाई और ग्रामीणों को पेयजल की समस्या से राहत दिलाने में मदद मिलेगी।
मंत्री सिलावट के इंदौर स्थित निवास पर शनिवार को राऊ विधानसभा क्षेत्र के विधायक मधु वर्मा ने ग्राम पंचायत तिल्लौरखुर्द में जल संसाधन विभाग के लगभग 24 हेक्टेयर क्षेत्र में स्थित प्राचीन तालाब को नर्मदा पाइपलाइन से भरने के संबंध में पत्र सौंपा। उन्होंने इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने का अनुरोध किया।
विधायक वर्मा ने बताया कि ग्राम पंचायत तिल्लौरखुर्द की आबादी लगभग 8 हजार है। वर्षाकाल में तालाब पूरी तरह भर जाता है, लेकिन दो से तीन माह में ही पानी समाप्त हो जाता है। इसके कारण स्थानीय किसानों को सिंचाई तथा ग्रामीणों को पानी की उपलब्धता में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। किसान इस तालाब से सिंचाई के लिए पानी लेते हैं और निर्धारित शुल्क भी जमा करते हैं।
उन्होंने बताया कि आसपास के लगभग एक दर्जन गांवों में नर्मदा पाइपलाइन के माध्यम से वर्षभर पानी उपलब्ध होने से वहां के तालाबों एवं अन्य जल स्रोतों में पर्याप्त पानी बना रहता है। वहीं, तिल्लौरखुर्द में ऐसी सुविधा उपलब्ध नहीं होने से जल संकट की स्थिति निर्मित होती है।
मंत्री सिलावट ने कहा कि समीपस्थ ग्राम काचरोट में उपलब्ध नर्मदा पाइपलाइन के माध्यम से तिल्लौरखुर्द के तालाब को भरने की संभावनाओं पर कार्य किया जाएगा। इसके लिए आवश्यक सर्वेक्षण कराने तथा योजना की स्वीकृति एवं क्रियान्वयन के संबंध में जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। प्रस्तावित पहल से क्षेत्र में जल संरक्षण को बढ़ावा मिलने के साथ कृषि गतिविधियों और ग्रामीण जनजीवन को लाभ मिलने की उम्मीद है।
सिलावट ने कहा कि इस वर्ष अल्प वर्षा के कारण इंदौर जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल और सिंचाई के लिए पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है। इस संबंध में विधायक मधु वर्मा, एमआईसी सदस्य एवं प्रतिनिधिमंडल द्वारा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से आग्रह किया जाएगा, ताकि अल्प वर्षा से उत्पन्न जल संकट के निराकरण के लिए आवश्यक कदम उठाए जा सकें। इससे किसानों, ग्रामीणों तथा पशु-पक्षियों और मवेशियों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रयासों को गति मिलेगी।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर